* दक्षिण वन मण्डल पन्ना के वन परिक्षेत्र पवई में हुआ था शिकार
* नीलगाय का मांस निकालकर जंगल में स्थित नाला में फेंक दिया था चमड़ा
अजित बढ़ोलिया, पन्ना/पवई ।(www.radarnews.in) जिले के दक्षिण वन मण्डल अन्तर्गत वन परिक्षेत्र पवई में पिछले दिनों हुए नीलगाय के शिकार के बहुचर्चित प्रकरण में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। आरोपियों ने पवई और शाहनगर रेन्ज के सीमावर्ती जंगल में नीलगाय का शिकार करने के बाद उसे मौके पर ही छीला-काटा गया और माँस का आपस में बँटवारा कर उसके चमड़े को नाला में फेंक दिया था। नीलगाय का शिकार जिस स्थान पर हुआ था उसी के समीप जंगल में एक चूल्हा बना पाया गया। इसके अलावा वहाँ से कुछ हड्डियाँ, शराब की खाली बोतलें मिलने पर यह आशंका जताई गई थी कि अज्ञात बेखौफ शिकारियों द्वारा जंगल में ही शिकार के माँस और शराब की पार्टी की गई। शिकार का यह मामला उजागर होने पर दक्षिण वन मण्डल को काफी बदनामी झेलनी पड़ी। करीब 11 दिन की छानबीन के बाद आखिरकार वन विभाग ने इस घटना का खुलासा करते हुए शिकार के आरोप में चार ग्रामीणों को गिरफ्तार करने का दावा किया है। पकड़े गए शिकारियों में टन्टा चौधरी पिता हल्काई चौधरी 60 वर्ष, सुखीलाल पिता धुन्धी चौधरी 32 वर्ष, हीरा लाल पिता लूना चौधरी 40 वर्ष सभी निवासी ढेंसाई थाना शाहनगर तथा बद्री चौधरी पिता गोरेलाल चौधरी 35 वर्ष निवासी महेबा(बोरी) थाना शाहनगर शामिल हैं।

प्राप्त जानकारी के अनुसार पवई वन परिक्षेत्र के बीट दक्षिण मोहाड़िया के कक्ष क्र. पी-638 में वन्य प्राणी नीलगाय का 11 जनवरी 2020 को शिकार करके उसका चमड़ा आरोपियों द्वारा फेंक दिया गया था। मामले में वन्य जीव संरक्षण अधिनियम 1972 की धारा 2, 9, 39 के तहत वन अपराध प्रकरण क्रमाँक 714/02 दिनांक 20-01-2020 पंजीबद्ध किया गया था। घटना का संबंध वन परिक्षेत्र शाहनगर एवं पवई से जुड़ा होने के कारण वन मण्डलाधिकारी दक्षिण पन्ना श्रीमति मीना मिश्रा द्वारा वन परिक्षेत्र अधिकारी श्रीमति श्वेता सिंह की अगुवाई में टीम का गठन किया गया। इस टीम ने 21 जनवरी की सुबह ग्राम ढेंसाई के टन्टा चौधरी पिता हल्काई चौधरी 60 वर्ष, सुखीलाल पिता धुन्धी चौधरी 32 वर्ष निवासी ढेंसाई, बद्री चौधरी पिता गोरेलाल चौधरी 35 वर्ष निवासी महेबा(बोरी) तथा हीरा लाल पिता लूना चौधरी 40 वर्ष निवासी ढेंसाई थाना शाहनगर को गिरफ्तार कर पूछताछ की गई। पूछताछ में आरोपियों ने नीलगाय का शिकार कर उसके चमड़े को बीट दक्षिण मोहडिय़ा वन परिक्षेत्र पवई में कक्ष क्र. पी-638 में फेंका जाना स्वीकार किया। प्रकरण में संलिप्त आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया, जहां से सभी आरोपियों को जेल भेज दिया गया है।
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धरमपुर रेन्जर बी.के. विश्वकर्मा ने जानकारी देते हुए बताया कि दोनों आरोपी धरमपुर रेन्ज की बीट पंचमपुर के वन कक्ष क्रमांक- 38 में निर्माणधीन पानी की टंकी के पास जंगली खरगोश का शिकार करने के पश्चात उसके माँस को पकाकर पार्टी करने की तैयारी में थे। तभी मुखबिर से मिली सूचना पर आनन-फानन कार्रवाई करते हुए बाबू सिंह पिता हीरालाल लोध निवासी चम्पतपुर और बड़े भईया पिता मुन्नीलाल लोध निवासी पंचमपुर को दबिश देकर जंगली खरगोश के ताजे माँस के साथ रंगे हाथ पकड़ा गया। दोनों के विरुद्ध वन अपराध कायम कर सुरक्षा की दृष्टि उन्हें पुलिस की अभिरक्षा में भेजा गया है। शनिवार को इनको न्यायालय में पेश करने की बात कही जा रही है। जंगली खरगोश के शिकार के आरोप में पकड़े गए दोनों युवा खुद को निर्दोष बता रहे है। इनका कहना है, जंगली खरगोश का शिकार कर कुत्ते उसे घसीट रहे थे, हमनें तो सिर्फ कुत्तों से उसे छुड़ाया है, हमने उसका शिकार नहीं किया।


उल्लेखनीय है कि, सिविल लाइन इलाके में ही पन्ना पुलिस अधीक्षक एवं न्यायाधीशों के सरकारी आवास स्थित है, जिनमें 24 घण्टे सुरक्षाकर्मी तैनात रहते हैं। इसलिए सिविल लाइन के इलाके को काफी सुरक्षित माना जाता है। अज्ञात शातिर चोरों के द्वारा इस इलाके में चोरी की वारदात को अंजाम देने को लोग चोरों के दुस्साहस के रूप में देख रहे हैं। पूरे शहर में सीसीटीव्ही कैमरे लगे होने के बाद भी चोरों में पुलिस का तनिक भी खौफ नही हैं। वहीं सर्दी के मौसम में शहर में चोरी की घटनाएं बढ़ने के बाद भी इनकी रोकथाम को लेकर पुलिस पूरी तरह तमाशबीन की भूमिका में नजर आ रही है।







सोमवार को पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार नागरिकता संशोधन अधिनियम के प्रति अपना पूर्ण समर्थन जताने के लिए भारतीय जनता पार्टी के नेतागण एवं नागरिक छत्रसाल पार्क के बाहर एकत्रित हुए। तत्पश्चात दोपहर करीब 1 बजे शहर में विशाल पैदल मार्च निकाला गया। जिसमें शामिल लोग सीएए के प्रति अपना समर्थन व्यक्त करने वाली तख्तियाँ, राष्ट्रीय ध्वज एवं लम्बी तिरंगा पट्टी को हाथों में पकड़कर चल रहे थे। देश भक्ति गीतों के बीच निकाले गए समर्थन जुलुस को देखने के लिए लोग अपने घरों के बाहर या फिर छतों पर आ गए। करीब तीन किलोमीटर का नगर भ्रमण कर तिरंगा यात्रा के कलक्ट्रेट पहुँचने पर कलेक्टर के प्रतिनिधि को सीएए के समर्थन में एक ज्ञापन सौंपा गया। तिरंगा यात्रा में मुख्य रूप से पूर्व मंत्री कुसुम मेहदेले, भाजपा जिलाध्यक्ष रामबिहारी चौरसिया, जिला पंचायत अध्यक्ष रविराज यादव, सतानंद गौतम, जयप्रकाश चतुर्वेदी, संजय नगायच, अमित गुप्ता, बृजेन्द्र गर्ग, निम्मी जैन, रामकरण द्विवेदी, दिलीप शिवहरे, राजकुमार वर्मा आदि भाजपा नेता शामिल रहे।
सीएए का समर्थन करने वालों ने कहा कि देश के नागरिकों को इस क़ानून के लागू होने से ज़रा भी घबराने की जरुरत नहीं है क्योंकि इससे उनकी नागरिकता पर कोई आँच नहीं आएगी। उल्लेखनीय गत दिनों भारतीय जनता पार्टी के द्वारा नागरिकता संशोधन कानून के समर्थन में एक संगोष्ठी भी पन्ना जिला मुख्यालय में आयोजित की गई थी। जिसमें पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती ने नागरिकता संशोधन कानून के प्रावधानों पर विस्तार पूर्वक प्रकाश डालते हुए लोगों को जागरूक किया था। साथ ही इस कानून का विरोध करने वाले विपक्षी दलों पर जमकर हमला बोला था।
उल्लेखनीय है कि पवई क़स्बा के समीप बघाई मोड़ पर रहने वाली कुसुम बाई पत्नी मुलुआ चौधरी 55 वर्ष का खून से लथपथ शव बुधवार 8 जनवरी की सुबह उसी के खेत में पड़ा मिला था। घटना की सूचना मिलने पर मौके पर पहुँची पवई थाना पुलिस ने शव के समीप से वह कुल्हाड़ी भी बरामद की थी जिससे कुसुम बाई की हत्या की गई थी। घटना दिनाँक को कुसुम बाई अपने घर पर बहू माया बाई के साथ सोई थी, जबकि उसका पति मुलुआ चौधरी और पुत्र संजू चौधरी खेत की रखवाली करने के लिए खेत में बनीं झोपड़ी सोए हुए थे, जोकि घर के ही नजदीक स्थित है। बुधवार 8 जनवरी की सुबह माया बाई ने पति संजू चौधरी को फोन करके बताया कि घर के दरवाजे बाहर से बंद हैं, उसने पति को घर बुलाया कि वह आकर दरवाजे खोल दे। कुछ समय बाद दरवाजे खुलने पर माया बाई जब दिशा मैदान जाने के लिए निकली तो कुछ ही दूरी पर उसे खेत में सास कुसुम बाई मृत अवस्था में पड़ी मिली। कुसुम बाई 55 वर्ष की संदिग्ध मौत पर पवई थाना पुलिस के द्वारा अज्ञात अपराधी के विरुद्ध आईपीसी की धारा 302, 201, 34 के तहत प्रकरण पंजीबद्ध कर मामले को विवेचना में लिया गया। अंधी हत्या को चुनौती के रूप में लेते हुए पुलिस अधीक्षक पन्ना मयंक अवस्थी के द्वारा इसके खुलासे के लिए एक टीम गठित की गई।

