मध्यप्रदेश का 52वाँ जिला होगा निवाड़ी मंत्रि-परिषद ने का किया अनुसमर्थन
शहरी तथा अन्तर्शहरी सार्वजनिक परिवहन प्रणाली से जुड़ेंगे 20 शहर
भोपाल। रडार न्यूज मध्यप्रदेश में विधानसभा चुनाव की अगले सप्ताह संभावित घोषणा के पूर्व शनिवार 29 सितम्बर को मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान की अध्यक्षता में मंत्रि-परिषद की बैठक में आयोजित हुई, जिसमें कई अहम प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। मंत्रि-परिषद की बैठक ने रायसेन तथा पन्ना जिला मुख्यालयों में शासकीय इंजीनियरिंग महाविद्यालय स्थापित करने का निर्णय लिया है। मंत्रि-परिषद द्वारा शहरी तथा अर्न्तशहरी सार्वजनिक परिवहन प्रणाली को सुदृढ़ बनाने के उददेश्य से ‘हब एण्ड स्पोक’ मॉडल आधारित बस सेवा प्रदेश के 20 शहरों में आरंभ करने के प्रस्ताव को स्वीकृति दी गई। इसके अन्तर्गत लगभग 1600 बसों का संचालन किया जायेगा। शहरी लोक परिवहन को अधिक सुविधाजनक, आधुनिक, पर्यावरण अनुकूल और सुरक्षित बनाने के लिये इफिशिएन्ट एण्ड सस्टेनेबल सिटी बस सर्विस प्रोजेक्ट को स्वीकृति दी गई। मंत्रि-परिषद द्वारा भोपाल, इन्दौर 6- लेन एक्सेस कंट्रोल ग्रीन फिल्ड एक्सप्रेस-वे तथा भोपाल बायपास मय सर्विस लेन के भारतमाला परियोजना के अन्तर्गत निर्माण को स्वीकृति दी गई। इसकी कुल लम्बाई 146.40 किलो मीटर होगी। भू-अर्जन तथा वन भूमि व्यपवर्तन के लिये रूपये 529.90 करोड़ की प्रशासकीय स्वीकृति भी प्रदान की गई। मंत्रि-परिषद ने निवाड़ी को नया जिला बनाने का अनुसमर्थन किया है। यह प्रदेश का 52वाँ जिला होगा।
सिंचाई परियोजनााओं को मंजूरी
मंत्रि-परिषद ने कोठा बैराज वृहद परियोजना के कुल सिंचाई क्षेत्र 20 हजार हेक्टेयर के लिये 515.18 करोड़, मूंझरी सिंचाई परियोजना के कुल सिंचाई क्षेत्र 11 हजार 575 हेक्टेयर के लिये 414.79 करोड़, आपचंद सिंचाई परियोजना के सिंचाई क्षेत्र 4 हजार 830 हेक्टेयर के लिये 162.66 करोड़, कोपरा सिंचाई परियोजना के कुल सिंचाई क्षेत्र 9 हजार 990 हेक्टेयर के लिए 292.38 करोड़, सरकुला सिंचाई परियोजना के 6 हजार 500 हेक्टेयर सिंचाई क्षेत्र के लिए 226.62 करोड़, हनौता सिंचाई परियोजना के 40 हजार हेक्टेयर सिंचाई क्षेत्र के लिए 1392.42 करोड़, ताप्ती चिल्लुर परियोजना के 81 हजार 600 हेक्टेयर सिंचाई क्षेत्र के लिए 2627.95 करोड़ और मेंढ़ा सिंचाई परियोजना के 5 हजार 800 हेक्टेयर सिंचाई क्षेत्र के लिए 268.71 करोड़ रूपये की प्रशासकीय स्वीकृति दी।
ओबीसी छात्र-छात्राओं के लिए खुलेंगे छात्रावास
इसी क्रम में ढीमरखेड़ा जिला कटनी और मेहगॉव जिला भिण्ड में नवीन आईटीआई स्थापित करने का निर्णय भी लिया गया। मंत्रि-परिषद ने पिछड़ा वर्ग के बालक एवं बालिकाओं के लिए प्रदेश के सभी विकासखंड मुख्यालय में एक बालक तथा एक कन्या छात्रावास आरंभ करने का निर्णय लिया। छात्रावास निर्मित होने तक इन्हें किराये के भवन में संचालित किया जायेगा। मंत्रि-परिषद ने आयुष विभाग के शासकीय आयुर्वेद, होम्योपेथी, यूनानी महाविद्यालयों में स्नातक-स्नातकोत्तर पाठयक्रम में अध्ययनरत छात्रों को वर्तमान में दी जा रही शिष्यवृत्ति और गृह चिकित्सकों को दिये जा रहे वेतन के स्थान पर नई दरों को स्वीकृति प्रदान की। अब स्नातक पाठयक्रम इंटर्नशिप के लिए 7 हजार रूपये, गृह चिकित्सक का वेतन 25 हजार रूपये समेकित, स्नातकोत्तर पाठयक्रम शिष्यवृत्ति प्रथम वर्ष के लिए 28 हजार 500, द्वितीय वर्ष के लिए 30 हजार रूपये और तृतीय वर्ष के लिए 32 हजार रूपये तय की गई है। इस स्वीकृति पर 4 करोड़ 78 लाख 16 हजार 184 रूपये का अतिरिक्त व्यय भार आयेगा। विद्यार्थियों द्वारा बैंक से उच्च शिक्षा हेतु लिये गये ऋण के निपटान के लिए राज्य शासन द्वारा संचालित योजना में संशोधन को अनुमोदन प्रदान किया गया।
नवीन पदों के सृजन संबंधी प्रस्ताव अनुमोदित
मंत्रि-परिषद ने भिण्ड जिले की तहसील मौ की ग्राम पंचायत इटायदा और गिरगांव को तहसील गौहर में सम्मिलित करते हुए तहसील गौहद और मौ का पुनर्गठन करने का निर्णय लिया। अब गोहद तहसील में 62 पटवारी हल्के और 140 ग्राम तथा तहसील मौ में 30 पटवारी हल्के और कुल 80 ग्राम होंगे। राज्य में भू-अभिलेखों के कुशल प्रबंधन तथा राजस्व विभाग की सूचना प्रौधोगिकी से जुड़ी परियोजनाओं के क्रियान्वयन के लिए मध्यप्रदेश भू-अभिलेख प्रबंधन सोसायटी के सुदृढ़ीकरण के उददेश्य से नवीन पदों के सृजन संबंधी प्रस्ताव को अनुमोदित किया गया। मंत्रि-परिषद द्वारा मध्यप्रदेश राज्य वित्तीय सेवा (भर्ती तथा सेवा की शर्ते) नियम 2018 में वर्तमान प्रचलित पदीय संरचना में युक्तियुक्तकरण पश्चात संशोधित पदीय संरचना का अनुमोदन किया गया।मंत्रि-परिषद ने उद्योग संर्वधन नीति 2014 के अन्तर्गत सुविधाओं की गणना के लिए संयत्र मशीनरी की परिभाषा में निवेश सम्मिलित करने संबंधी संशोधन के प्रस्ताव का अनुमोदन किया। भारत ओमान रिफायनरी लिमिटेड बीना जिला सागर द्वारा उत्पादित नेफ्था के उपयोग और ट्रेडिंग की सहमति भारत ओमान रिफायनरी लिमिटेड को देने का निर्णय भी लिया गया। मंत्रि-परिषद ने नीमच, आगर और शाजापुर में कुल 1500 मेगावाट क्षमता के सौर ऊर्जा पार्क स्थापित करने की स्वीकृति प्रदान की।
साइबर सिक्यूरिटी लैब की स्थापना का अनुमोदन
मंत्रि-परिषद ने विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग की नई तकनीक के लिए मैप-आईटी अथवा अन्य संस्थाओं को सहायता/अनुदान को वर्ष 2017-18 से 2019-20 तक निरंतर जारी रखने और साइबर सिक्यूरिटी लैब की स्थापना का अनुमोदन किया। इसके लिए कुल 6 पद भी स्वीकृत किये गए। मंत्रि-परिषद ने जेलों और न्यायालयों के मध्य वीडियो काँफ्रेंस की व्यवस्था के लिए 126 प्रहरी के पद और 126 तकनीकी सुपरवाईजर के पदों के निर्माण की स्वीकृति दी। नगर तथा ग्राम निवेश मध्यप्रदेश भोपाल के अधीन 420 नियमित अस्थाई पदों को वर्ष 2017-18 से 2021-22 तक 5 वर्ष के लिए निरंतर रखने का निर्णय लिया।










मध्यप्रदेश में मालवांचल के गंभीर जलसंकट के स्थाई समाधान के लिये मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने वर्ष 2012 में मालवा की क्षिप्रा, गंभीर कालीसिंध और पार्वती नदी कछारों तक नर्मदा जल पहुँचाने के संकल्प को आज साकार रूप दिया। इस संकल्प को नर्मदा मालवा लिंक महाभियान के रूप में क्रियान्वित किया जा रहा है। नर्मदा क्षिप्रा सिंहस्थ लिंक योजना के बाद नर्मदा मालवा गंभीर लिंक दूसरी महत्वपूर्ण योजना है। नर्मदा मालवा लिंक अभियान के आगामी लक्ष्यों में नर्मदा पार्वती और नर्मदा कालीसिंध पर भी कार्य आरंभ किया जा रहा है।नर्मदा मालवा गंभीर लिंक परियोजना से इंदौर तथा उज्जैन जिलों में 50 हजार 775 हेक्टेयर सिंचाई क्षमता निर्मित हो रही है। अंचल को पेयजल और औद्योगिक जल का लाभ भी मिलेगा। परियोजना के अंतर्गत 15 क्यूमेक (15 घन मीटर प्रति सेकण्ड क्षमता) नर्मदा जल ओंकारेश्वर परियोजना की दाँयी तट मुख्य नहर से लिया जायेगा।


हाथियों के इस परिवार में सबसे छोटा सदस्य बापू (हाथी) है जिसका जन्म 2 अक्टूबर 2017 को हुआ था। टाइगर रिजर्व प्रबंधन ने 2 अक्टूबर 2018 को बापू हाथी के प्रथम जन्म दिवस को हाथी दिवस के रूप में मनाने का निर्णय लिया है, जो आगामी वर्षों में भी अनवरत जारी रहेगा। उन्होंने बताया कि प्रतिवर्ष 16 अप्रैल को पन्ना टाइगर रिजर्व में बाघ जन्मोत्सव मनाया जाता है। इसी तरह 2 अक्टूबर 2018 को वन्यप्राणी संरक्षण सप्ताह का प्रारंभ पन्ना टाइगर रिजर्व में हाथी जन्मोत्सव मना कर किया जावेगा। पन्ना के आमजन, विद्यार्थियों, गणमान्य नागरिकों, मीडिया एवं पर्यावरण प्रेमियों को वन्यप्राणियों एवं प्रकृति से जुड़ाव के अवसर के रूप में जनसमर्थन से वन्यप्राणी संरक्षण की मूलभावना को आगे बढ़ाते हुए जनजागृति का प्रयास किया जावेगा।यह कार्यक्रम जंगल कॉटेज परिसर हिनौता में प्रातः 11 बजे से किया जायेगा।



ज्ञात हो कि नराकास, पन्ना में एनएमडीसी लिमिटेड सहित चौबीस सदस्य कार्यालय हैं। जिसमें पन्ना नगर में स्थित विविध बैंकों की सोलह शाखाएं, केन्द्रीय विद्यालय, नवोदय विद्यालय, भारतीय जीवन बीमा निगम, बीएसएनएल, डाक विभाग, एनआईसी. तथा केन्द्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल सम्मिलित हैं । नगर राजभाषा कार्यान्वयन समितियों को बनाने का उद्देश्य केंद्र सरकार के देश भर में फैले कार्यालयों-उपक्रमों-बैंकों आदि में राजभाषा हिंदी के प्रयोग को बढ़ावा देने और राजभाषा नीति के कार्यान्वयन के मार्ग में आई कठिनाइयों को दूर करने के लिए एक संयुक्त मंच प्रदान करना है । इस मंच पर कार्यालयों-उपक्रमों-बैंकों आदि के अधिकारी हिंदी के प्रयोग को बढ़ाने के लिए चर्चा तथा उत्कृष्ट कार्यप्रणालियों की जानकारी का आदान-प्रदान कर अपनी-अपनी उपलब्धि स्तर में सुधार ला सकते हैं । नराकास पन्ना की बैठक वर्ष में दो बार आयोजित की जाती है तथा परियोजना प्रबंधक, हीरा खनन परियोजना एनएमडीसी लिमिटेड इस समिति के अध्यक्ष एवं संरक्षक हैं ।


