* पूर्व विधानसभा अध्यक्ष की जंयती पर दी गयी श्रृद्धांजली
पन्ना।(www.radarnews.in) मध्यप्रदेश विधानसभा के पूर्व अध्यक्ष स्वर्गीय श्रीयुत श्रीनिवास तिवारी की आज 17 सिंतबर को कांग्रेसजनों ने जयंती मनाते हुये उन्हे याद किया। मौजूद कांग्रेस नेताओं ने स्वर्गीय श्री तिवारी के चित्र पर पुष्पांजली अर्पित की। शाम 4 बजे स्थानीय यादवेन्द्र क्लब प्रांगण में आयोजित हुई श्रृद्धांजली सभा में पूर्व विधानसभा अध्यक्ष श्री तिवारी को एक सच्चा जनसेवक बतलाते हुये कहा गया कि वह अपनी आखिरी सांस तक जनता के लिये संघर्ष करते रहें, कांग्रेस नेताओं ने कहा कि हम सभी को यह संकल्प लेना चाहिये कि जिस तरह से तिवारी जी सदैव सक्रिय रहकर अन्याय व अत्याचार के खिलाफ संघर्ष करते रहे, हम सभी को भी राजनीति के माध्यम से ऐसे लोगो की आवाज को बुलंद करना चाहिये। इस अवसर पर कोंग्रेस नेता मनीष मिश्रा ने कहा कि विंध्य क्षेत्र के चंहुमुखी विकास और कांग्रेस संगठन को सशक्त बनाने के लिए श्रीयुत श्री निवास तिवारी के योगदान को हमेश याद रखा जायेगा। कार्यक्रम में वरिष्ठ कांग्रेसी नेता राम किशोर मिश्रा, श्रीकांत दीक्षित, मनीष मिश्रा, अनीष खान, सुनील अवस्थी, शशिकांत दीक्षित, मैकूलाल अहिरवार, स्वतंत्र प्रभाकर अवस्थी, सौरभ पटैरिया, दीपू दीक्षित, हीरालाल विश्वकर्मा, अंका रिछारिया, मुकेश अहिरवार, अनुराग मिश्रा, सोमेश त्रिपाठी, गफ्फार खान, राजू खान, पुष्पेन्द्र कुशवाहा सहित कांग्रेसजन उपस्थित रहे।
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महिलाओं के इस प्रदर्शन और अपने ऊपर लग रहे आरोपों का जवाब देने के लिए भारतीय जनता पार्टी युवा मोर्चा के प्रदेश कार्यसमिति सदस्य अंकुर त्रिवेदी ने गुरुवार 17 सितंबर को एक प्रेसवार्ता की। होटल शानवी लैण्डमार्क में आयोजित इस प्रेसवार्ता में श्री त्रिवेदी ने पूरे मामले में अपनी ओर से साक्ष्यों के आधार पर सफाई दी गई। भाजपा नेता अंकुर त्रिवेदी ने अपने वरिष्ठ अधिवक्ता रामलखन त्रिपाठी के साथ प्रेसवार्ता कर अपने विरुद्ध गई शिकायत को पूरी तरह से असत्य बताते हुये कहा कि कतिपय लोगों द्वारा व्यक्तिगत रंजिश और राजनैतिक कारणों की वजह से इस तरह की झूठी शिकायतें की जा रही है।












ग्रामीणों ने सांसद को बताया था कि उनका नाम लेकर कैसे उन्हें बेदखल करने की धमकी लगातार दी जा रही है। इस पर सांसद श्री शर्मा ने प्रभावितों से उनके मामले को देखने और इस समस्या से उन्हें निजात दिलाने का भरोसा दिलाया था। लेकिन मंगलवार 15 सितंबर को मुड़िया पहाड़ के प्रभावित परिवारों की महिलाओं ने पैदल मार्च के दौरान जिस तरह से सांसद विष्णु दत्त शर्मा और उनके करीबी भाजपा नेता के खिलाफ मुर्दाबाद के नारे लगाए उससे तो यही साबित होता है कि इन्हें सांसद पर भरोसा नहीं है। बहरहाल अब इस बहुचर्चित मामले में सबकी नजरें कलेक्टर की जांच पर टिकीं हैं। देखना यह है कि जांच कब तक पूरी होती है और इससे क्या नतीजा निकलकर आता है।
















