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कांग्रेस के पूर्व जिलाध्यक्ष के मकान में वन विभाग का छापा, सागौन फर्नीचर का अवैध कारखाना पकड़ा

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सागौन फर्नीचर के अवैध कारखाने से जब्त मिनी आरा मशीन (कटर मशीन) को रेंज कार्यालय ले जाने की तैयारी करते वनकर्मी।

*     बड़ी मात्रा में सागौन की लकड़ी, कटर मशीन व औजार जब्त, आरोपी गिरफ्तार

*     मकान किराए पर लेकर आरोपी नरेन्द्र विश्वकर्मा संचालित कर रहा था अवैध कारोबार

पन्ना। (www.radarnews.in) मध्यप्रदेश के पन्ना जिले में सागौन की तस्करी और अवैध फर्नीचर निर्माण के कारोबार पर प्रभावी अंकुश नहीं लग पा रहा है। वन विभाग के द्वारा कभी-कभार की जाने वाली कार्रवाई के चलते सागौन माफिया के हौसले बुलंद हैं। जिसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि सागौन माफिया बेख़ौफ़ अंदाज में शहर के अंदर खुलेआम अवैध तरीके से सागौन फर्नीचर बनाने का कारखाना संचालित कर रहे हैं। आज उत्तर वन मंडल पन्ना की टीम ने शहर के धाम मोहल्ला में स्थित कांग्रेस के पूर्व जिलाध्यक्ष के मकान पर छापा मारकर वहां संचालित सागौन फर्नीचर बनाने का अवैध कारखाना पकड़ा है। आरोपी नरेन्द्र विश्वकर्मा उनके मकान को किराए पर लेकर वहां अवैध फर्नीचर बनाने का काम करता था। वन विभाग की टीम ने कार्रवाई करते हुए बड़ी मात्रा में सागौन की चिरान, अर्धनिर्मित फर्नीचर, सागौन सिल्ली, कटर मशीन (मिनी आरा मशीन) व औजार जब्त किये हैं। इस कार्रवाई के बाद से सागौन माफिया में हड़कंप मचा हुआ है।

आरोपी ने किराए पर लिया था मकान

पन्ना में कांग्रेस के पूर्व जिलाध्यक्ष के मकान में संचालित फर्नीचर के अवैध कारखाने में भंडारित सागौन।
उत्तर वन मंडल पन्ना के नवागत डीएफओ गर्वित गंगवार ने जानकारी देते हुए बताया कि पन्ना के धाम मोहल्ला में सागौन का अवैध फर्नीचर कारखाना संचालित होने की सूचना मिली थी। इसे गंभीरता से लेते हुए रविवार 5 मार्च 2023 को सुबह करीब 10 बजे विश्रामगंज रेंजर मनोज सिंह बघेल के नेतृत्व में वन विभाग की टीम को कार्रवाई करने के लिए भेजा गया था। टीम के द्वारा जुगुल किशोर जी मंदिर चौराहा के नजदीक स्थित एक मकान में दबिश देकर वहां संचालित अवैध फर्नीचर कारखाने पर छापामार कार्रवाई की गई है।
कांग्रेस नेता ने अपने मकान को बकायदा किरायानामा लेख करवाकर और उसकी नोटरी करवाने के बाद किराये पर दिया था।
उक्त मकान कांग्रेस पार्टी के पूर्व जिलाध्यक्ष भास्कर देव बुंदेला का बताया जा रहा है। जिसे नरेन्द्र विश्वकर्मा नाम के व्यक्ति ने किराये पर लिया था। जहां पूर्णतः अवैध तरीके से मिनी आरा मशीन लगाकर सागौन और दूसरी इमारती लकड़ी से फर्नीचर तैयार करवाया जा रहा था। पूर्व जिला कांग्रेस अध्यक्ष भास्कर देव बुंदेला ने अपने मकान को फर्नीचर निर्माता नरेन्द्र विश्वकर्मा को बकायदा किरायानामा के जरिए किराए पर दिया था। किरायानामा को दिनांक 25 फरवरी 2023 को नोटरी अधिवक्ता के द्वारा पंजीकृत किया गया था। मालूम होकि कांग्रेस नेता ने अपनी कई अचल संपत्तियों (मकानों) को किराये पर दे रखा है।

एक लाख से अधिक की सागौन जब्त

अवैध फर्नीचर कारखाने से वन विभाग की टीम ने मिनी आरा मशीन (कटर मशीन), सागौन का अर्धनिर्मित फर्नीचर, सागौन सिल्लियां, सागौन चिरान और फर्नीचर बनाने में उपयोग होने वाले औजार जब्त किए हैं। सागौन फर्नीचर का अवैध कारखाना संचालित करने के आरोपी नरेन्द्र विश्वकर्मा 45 वर्ष निवासी धाम मोहल्ला पन्ना को वन विभाग की टीम ने मौके से गिरफ्तार किया है। इस दौरान उत्तर वन मंडल पन्ना के डीएफओ गर्वित गंगवार ने अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचकर अवैध फर्नीचर कारखाने का मुआयना किया और कार्रवाई कर रहे वन अमले का आवश्यक मार्गदर्शन किया। जप्तशुदा सागौन एवं मशीनरी आदि को वन विभाग के वाहनों से परिवहन कर तुरंत विश्रामगंज रेंज कार्यालय लाया गया। जहां नापजोख करने के बाद जब्त सागौन की कुल मात्रा 1.360 घनमीटर बताई गई है। इसका अनुमानित बाजार मूल्य एक लाख लाख रुपए से अधिक बताया जा रहा है। डीएफओ श्री गंगवार ने बताया कि, आरोपी नरेन्द्र बगैर लाइसेंस लिए फर्नीचर बनाने का कारोबार कर रहा था। उसने मिनी आरा मशीन लगाने की अनुमति भी वन विभाग से नहीं ली थी। विश्रामगंज रेंज कार्यालय में आरोपी नरेन्द्र विश्वकर्मा के विरुद्ध वन अपराध पंजीबद्ध कर प्रकरण को विवेचना में लिया गया है।

वन अपराधों की रोकथाम के लिए बनाई रणनीति

उत्तर वन मंडल पन्ना के डीएफओ गर्वित गंगवार ने एक सवाल के जबाव में बताया, वन अपराधों की रोकथाम के लिए आवश्यक रणनीति तैयार की गई। हम अपने मैदानी अमले व मुखबिर तंत्र को भी अधिक से अधिक सक्रिय और सशक्त बनाने की दिशा में काम कर रहे हैं। वन और वन्यजीवों से संबंधित अपराधों में लिप्त व्यक्तियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। ताकि वन अपराधों पर प्रभावी अंकुश लग सके।

मलेरिया विभाग के सेवानिवृत्त कर्मचारियों को सम्मानित कर दी गई भावभीनी विदाई

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मलेरिया कार्यालय पन्ना के फील्ड वर्कर उमाशंकर खरे के सेवानिवृत्त होने पर आयोजित विदाई सह सम्मान समारोह में उपस्थित स्वास्थ्य विभाग एवं मलेरिया विभाग के अधिकारी-कर्मचारी।

*    फील्ड वर्कर उमाशंकर खरे और वाहन चालक हाकिम सिंह हुए सेवानिवृत्त

पन्ना। (www.radarnews.in) जिला मलेरिया कार्यालय पन्ना में पदस्थ रहे फील्ड वर्कर उमाशंकर खरे और वाहन चालक हाकिम सिंह के सेवानिवृत्त होने पर पृथक-पृथक विदाई सह सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। मलेरिया कार्यालय में करीब 37 वर्ष तक फील्ड वर्कर के पद पर पदस्थ रहे उमाशंकर खरे विगत माह 31 जनवरी 2023 को सेवानिवृत्त हो गए थे। विभागीय कर्मचारियों ने विगत दिनों मलेरिया कार्यालय परिसर में विदाई सह संम्मान समारोह आयोजित कर श्री खरे को भावभीनी विदाई दी गई। कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रभारी मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. व्हीएस उपाध्याय ने की। विशेष अतिथि के रूप में ओपी गुप्ता जिला पेंशन अधिकारी पन्ना, मुकेश साहू सहायक पेंशन अधिकारी और प्रभारी डीपीएम श्रीमती गुंजन सिंह उपस्थित रहीं। इस अवसर पर उमाशंकर खरे को अतिथियों व सहकर्मियों ने फूलमाला पहनाकर अभिनंदन किया। उन्हें शाल-श्रीफल एवं स्मृति चिन्ह भेंटकर भावभीनी विदाई दी गई।

कर्तव्यनिष्ठ कर्मचारी जीवन पर्यंत याद आते हैं

फील्ड वर्कर उमाशंकर खरे के सेवानिवृत्त होने पर आयोजित विदाई समरोह में उन्हें फूलमाला पहनाकर सम्मानित करते सहकर्मी।
कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए प्रभारी मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. व्हीएस उपाध्याय ने फील्ड वर्कर उमाशंकर खरे की कर्तव्यनिष्ठा, कार्यकुशलता और विनम्र स्वाभाव की मुक्त कंठ से प्रशंसा की गई। उन्होंने कहा कि श्री खरे जैसे कर्मचारी जीवन पर्यन्त याद आते हैं। जिला पेंशन अधिकारी श्री गुप्ता ने अपने उद्बोधन में बताया कि उमाशंकर खरे उनके बचपन के मित्र हैं। आपने कहा कि श्री खरे ने ईमानदार और अनुसाशित कर्मचारी के साथ-साथ नेकदिल इंसान के रूप में अपनी पहचान बनाई है। जिला पेंशन अधिकारी ओपी गुप्ता ने कहा, मुझे गर्व है कि उमाशंकर खरे मेरे बाल सखा हैं।

परिवार से अलग होने जैसा है यह अनुभव

मलेरिया विभाग के फील्ड वर्कर उमाशंकर खरे ने अपने विदाई सह सम्मान समारोह में भावुक होकर कहा कि, सरकारी सेवा में रहते हुए प्रत्येक अधिकारी-कर्मचारी को एक दिन सेवानिवृत्त होना पड़ता है। लेकिन व्यक्तिगत तौर मेरे लिए रिटायरमेंट अपने परिवार के सदस्यों से अलग होने जैसा अनुभव साबित हो रहा है। दिनांक 21 अक्टूबर 1986 को शासकीय सेवा में आने के बाद से मुझे अपने वरिष्ठ अधिकारियों एवं सहकर्मियों से सदैव परिवार के सदस्य की तरह स्नेह और सम्मान मिला। फलस्वरूप सरकारी सेवा के 37 साल कैसे व्यतीत हो गए यह पता ही नहीं चला। इस अवसर पर श्री खरे ने अपने कुछ दिलचस्प संस्मरण भी साझा किए। और बताया कि शासकीय सेवा में रहने के दौरान उन्हें अपने अधिकारियों व सहकर्मियों से बहुत कुछ सीखने को मिला। जोकि शासकीय सेवा के साथ निजी जीवन में काफी उपयोगी साबित हुआ।

परिजन और सहकर्मी रहे उपस्थित

कार्यक्रम में उमाशंकर खरे की धर्मपत्नी, पुत्र-बहु, बेटी-दामाद और पोते विशेष रूप से उपस्थित रहे। इस अवसर पर सभी वक्ताओं ने सेवानिवृत्त फील्ड वर्कर उमाशंकर खरे को अच्छे स्वास्थ्य और शतायु होने की शुभकामनाएं दीं। साथ ही आगे भी जीवंत सम्पर्क बनाए रखने की बात कही। कार्यक्रम में श्रीमती शदब खान जिला मलेरिया सलाहकार, सलीम खान बाबू जी लेखपाल, प्रकाश आठ्या एमआई, शौकत अली एसडब्ल्यू, राजेश तिवारी स्टोर कीपर, राजेश चौरहा स्टोर कीपर, अबरार बेग, सजनीश शर्मा लैब टेक्नीशियन, मोहम्मद इदरीश, महेन्द्र सिंह, गोकुल प्रसाद यादव, राधे गोविन्द, अनिल लखेरा,राजेश आरख सहित मलेरिया एवं फाइलेरिया विभाग के अन्य कर्मचारी उपस्थित रहे।

पुष्पहार पहनाकर किया सम्मान

सेवानिवृत्त वाहन चालक हाकिम सिंह को सम्मानित करते जिला मलेरिया अधिकारी एवं कर्मचारी।
जिला मलेरिया कार्यालय पन्ना में लगभग 37 वर्ष तक वाहन चालक के पद पर कार्यरत रहे हाकिम सिंह 28 फरवरी 2023 को सेवानिवृत्त हो गए। इस अवसर पर विभागीय अधिकारी-कर्मचारियों द्वारा कार्यालय में गरिमामई कार्यक्रम आयोजित किया गया। जिला मलेरिया अधिकारी अरुणेन्द्र सिंह की अध्यक्षता में आयोजित हुए सादे समारोह में हाकिम सिंह (वाहन चालक) को सहकर्मियों द्वारा पुष्पहार पहनाकर शॉल-श्रीफल से सम्मानित किया। साथ ही स्मृति चिन्ह भेंट किया गया। कार्यक्रम में सभी कर्मचारियों हाकिम सिंह के सहयोगी स्वाभाव की सराहना करते हुए उनके अच्छे स्वास्थ्य और दीर्घायु होने की शुभकामनायें दीं। इस अवसर पर सलीम खान बाबू जी लेखपाल, प्रकाश आठ्या एमआई, शौकत अली एसडब्ल्यू, सजनीश शर्मा लैब टेक्नीशियन, मोहम्मद इदरीश, महेन्द्र सिंह, दृष्टि रेजा, अमर सिंह सहित मलेरिया एवं फाइलेरिया विभाग के अन्य कर्मचारी उपस्थित रहे।

शादी समारोह से लौट रहे युवकों से लूटपाट, रिपोर्ट न करने बदमाशों ने बच्चों की कसम खिलाई !

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फाइल फोटो।

*     पीड़ित ने थाना में लिखित शिकायत कर कई गंभीर आरोप लगाए

*     बदमाशों ने कट्टे की नोंक पर नग्न करके मारपीट की और मुर्गा बनाया

*    एसपी बोले- आरोपों की तस्दीक की जा रही है, अभी तक सिर्फ विवाद होने की जानकारी मिली

पन्ना। (www.radarnews.in) वैवाहिक समारोह में शिरकत करने के बाद देर रात वापस घर लौट रहे दो युवकों का कथित तौर पर रास्ता रोककर तीन बदमाशों ने कट्टे की नोंक पर मारपीट और लूटपाट की। शोरगुल सुनकर आसपास रहने वाले ग्रामीण जब वहां पहुंचे तो शातिर आरोपी मौके से फरार हो गए। लूटपाट की यह घटना मध्यप्रदेश के पन्ना जिले के अमानगंज थाना क्षेत्र की बताई जा रही है। कथित लूटपाट का शिकार हुए पीड़ित युवक ने मंगलवार 28 फरवरी 2023 की सुबह अमानगंज थाना पहुंचकर पुलिस को अपनी आपबीती सुनाई। साथ ही घटना की लिखित शिकायत कर कई गंभीर आरोप लगाए हैं। लूटपाट के सनसनीख़ेज आरोपों की गंभीरता को दृष्टिगत रखते हुए थाना पुलिस युवक के शिकायती आवेदन पत्र की तस्दीक में जुटी है। पुलिस की अभी तक की पड़ताल में फरियादी और कथित आरोपियों के बीच विवाद होने की जानकारी तो सामने आई है लेकिन लूटपाट की घटना की आधिकारिक तौर पर पुष्टि नहीं हो सकी। पुलिस की जांच अभी जारी है, ठोस नतीजे पर पहुंचने के लिए फरियादी के आरोपों की सत्यता की गहन छानबीन की जा रही है।

मारपीट कर रुपए और मोबाइल छीन ले गए

अमानगंज पुलिस थाना परिसर में पत्रकारों को घटना की जानकारी देते हुए राहुल वर्मन और फरियादी प्रमोद कुमार पाठक।
शिकायकर्ता प्रमोद कुमार पाठक 42 वर्ष निवासी ग्राम भैंसवाही ने पुलिस थाना में दिए गए आवेदन पत्र में लेख किया है, सोमवार 27 फरवरी को वह अपने मामा की बेटी की शादी में शिरकत करने के बाद गुनौर से देर रात राहुल वर्मन के साथ बाइक से वापस गांव लौट रहा था। 27-28 फरवरी की दरम्यानी रात करीब 12 बजे सप्तईया ग्राम की नर्सरी के नजदीक बीच रास्ते में मोटर साइकिल खड़ी कर तीन युवकों ने इन्हें रोक लिया। बदमाशों ने प्रमोद और राहुल के साथ मारपीट कर प्रमोद को नग्न कर दिया। और कथित तौर पर उसके कपड़ों की जेब में पड़े 4-5 हजार रुपए, हाथ घड़ी, एंड्रॉयड मोबाइल फोन छीन लिया। बदमाशों ने प्रमोद के बेल्ट से उसकी मारपीट करते हुए मुर्गा बनाकर गाली-गलौंज की गई। साथ ही कट्टा से मारने की धमकी देते हुए थाना में रिपोर्ट न करने बच्चों की कसम खिलाई। इस बीच शोरगुल सुनकर आसपास रहने वाले लोगों के आने पर आरोपीगण मौके से भाग निकले। फरियादी ने आवेदन पत्र में बताया है कि, लूटपाट करने वाले बदमाश समीपी ग्राम बुधेड़ा निवासी हैं। उनमें से एक आरोपी का नाम छोटू राजा है जबकि दूसरे को चेहरा देखकर पहचान लेने की बात कही गई है। पीड़ित प्रमोद कुमार ने पुलिस से आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई कर न्याय दिलाने की गुहार लगाई है।

इनका कहना है-

“अमानगंज थाना टीआई मौके पर कथित घटना की तस्दीक करने गए हैं, अभी मेरी उनसे बात हुई है, अभी तक की छानबीन में फरियादी युवक और आरोपियों के बीच पुराने विवाद के चलते मारपीट होने की बात सामने आई है। पुलिस टीम के वापस लौटने पर आरोपों की सत्यता का पता चल सकेगा। स्थानीय लोगों से कथित लूटपाट की घटना के संबंध में पूंछतांछ की जा रही है।”

– धर्मराज मीना, पुलिस अधीक्षक, जिला पन्ना।

मध्यप्रदेश : जेल से बाहर आएंगे पूर्व मंत्री राजा पटेरिया, हाईकोर्ट ने दी जमानत; पीएम मोदी पर की थी विवादित टिप्पणी

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फाइल फोटो।

*     कांग्रेस पार्टी की बैठक में कहा था- “संविधान बचाना है तो मोदी की हत्या के लिए तत्पर रहो, हत्या इन द सेंस….हराने का काम करो”

*     जमानत मिलने की खबर आने से कांग्रेस पार्टी और समर्थकों में ख़ुशी की लहर

*     क़रीब ढाई माह बाद पन्ना जिले की उप जेल पवई से होगी रिहाई

पन्ना। (www.radarnews.in) प्रधांनमंत्री नरेन्द्र मोदी पर विवादित बयान देने वाले बुंदेलखंड के दिग्गज़ कांग्रेस नेता एवं पूर्व मंत्री राजा पटेरिया को मध्यप्रदेश हाईकोर्ट (जबलपुर) ने जमानत दे दी है। सोमवार को जस्टिस संजय द्विवेदी की सिंगल बेंच ने कांग्रेस नेता की जमानत याचिका पर सुनवाई की। कोर्ट ने 1 लाख रुपए के मुचलके पर उन्हें जमानत दी है। पूर्व मंत्री राजा पटेरिया पिछले ढाई माह से पन्ना जिले की उप जेल पवई में बंद हैं। पूर्व में उनकी जमानत की अर्जी अलग-अलग कोर्ट से ख़ारिज हो चुकी थी। हाईकोर्ट (जबलपुर) में दूसरी बार जमानत याचिका दाख़िल करने पर पटेरिया की जमानत मंजूर हुई है। हाईकोर्ट में पूर्व मंत्री राजा पटेरिया की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता शशांक शेखर ने पैरवी की। राजा पटेरिया को जमानत मिलने की खबर आने के बाद से ही कांग्रेस पार्टी और उनके समर्थकों में ख़ुशी की लहर देखी जा रही है।

क्या है पूरा मामला

पूर्व मंत्री एवं वरिष्ठ कांग्रेस नेता राजा पटैरिया।
ब्लॉक कांग्रेस कमेटी पवई जिला पन्ना के द्वारा रविवार 11 दिसंबर 2022 को स्थानीय रेस्ट हाउस में मण्डलम-सेक्टर स्तरीय पदाधिकारियों की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई थी। बैठक का एक वीडियो वायरल हुआ था, इसमें पूर्व मंत्री एवं कांग्रेस के प्रदेश उपाध्यक्ष राजा पटैरिया यह कहते हुए दिख रहे हैं कि- “मोदी इलेक्शन खत्म कर देगा। मोदी धर्म, जाति, भाषा के आधार पर बांट देगा। दलितों, आदिवासियों और अल्पसंख्यकों का भावी जीवन खतरे में है। संविधान यदि बचाना है तो मोदी की हत्या करने के लिए तत्पर रहो, हत्या इन द सेंस….हराने का काम करो।” इस बैठक में गुनौर विधायक शिवदयाल बागरी, जिला कांग्रेस अध्यक्ष पन्ना शारदा पाठक, पन्ना जिला कांग्रेस के तत्कालीन प्रभारी मनोज त्रिवेदी सहित पवई विधानसभा क्षेत्र के कांग्रेस कार्यकर्ता-पदाधिकारी  उपस्थित नजर आ रहे हैं। वीडियो के वायरल होने से पवई, पन्ना से लेकर भोपाल और राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली तक सियासी बवाल मच गया था। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान, गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा ने पटैरिया के बयान की कड़ी निंदा करते हुए कांग्रेस पार्टी पर जमकर हमला बोला था। साथ ही इस मामले में कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए थे।

FIR होने के अगले दिन कर लिया था गिरफ्तार

जेएमएफसी कोर्ट में जमानत याचिका ख़ारिज होने के बाद न्यायिक अभिरक्षा में सब जेल पवई जाते हुए पूर्व मंत्री एवं वरिष्ठ कांग्रेस नेता राजा पटैरिया। (फाइल फोटो)
कांग्रेस नेता राजा पटेरिया के विवादित बयान के वीडियो का छोटा सा अंश वायरल होने पर मचे घमासान के बीच पीडब्ल्यूडी के उपयंत्री एवं पवई रेस्ट हाउस प्रभारी संजय खरे ने पुलिस थाना पवई में लिखित रिपोर्ट की थी। इस पर पुलिस ने दिनांक 12 दिसंबर को पूर्व मंत्री पटैरिया के खिलाफ अपराध क्रमांक 472/2022 धारा 451, 504, 505(1) (b), 505 (1) (c), 506, 153-B(1) (c), 115, 117 IPC के तहत प्रकरण दर्ज किया था। पन्ना पुलिस की एक टीम ने अगले ही 13 दिसम्बर की सुबह करीब 6 बजे दमोह जिले के हटा क़स्बा पहुंचकर पूर्व मंत्री राजा पटेरिया को उनके आवास से गिरफ्तार कर लिया था। पुलिस ने पटेरिया को पवई लाकर इसी दिन भारी गहमागहमी के बीच पवई न्यायालय में पेश किया था। न्यायालय न्यायिक दण्डाधिकारी प्रथम श्रेणी पवई ने पटेरिया की जमानत याचिका ख़ारिज को करते हुए उन्हें 26 दिसंबर तक के लिए न्यायिक अभिरक्षा में सब जेल पवई भेज दिया था।

वीडियो को कांट-छांटकर वायरल करने का आरोप

पवई स्थित लोक निर्माण विभाग के रेस्ट हाउस में आयोजित कांग्रेस पार्टी की बैठक को संबोधित करते हुए पूर्व मंत्री एवं कांग्रेस के प्रदेश उपाध्यक्ष राजा पटैरिया। (फाइल फोटो)
जेल जाने के पूर्व पूर्व मंत्री एवं दिग्गज कांग्रेस नेता राजा पटेरिया ने न्यायालय के बाहर विक्ट्री साइन दिखाते हुए कहा था कि, सत्य परेशान हो सकता है लेकिन पराजित नहीं हो सकता है। उन्होंने आरोप लगाया था कि सत्ताधारी दल भाजपा के लोगों द्वारा मेरे भाषण के वायरल वीडियो को कांट-छांटकर आधा-अधूरा से प्रसारित किया। मेरी छवि धूमिल करने और कांग्रेस पार्टी को बेवजह बदनाम करने के उद्देश्य से शब्द विशेष को प्रचारित कर विषय की सत्यता एवं भावार्थ को समझे बिना जानबूझकर दुष्प्रचार किया गया। पूरा वीडियो सुनने से यह स्पष्ट होता है कि, बीजेपी नेताओं ने वक्तव्य को गलत ढंग से पेश किया है। जबकि उनकी ऐसी कोई मंशा ही नहीं थी। उन्होंने कहा था कि मैं महात्मा गांधी का अनुयायी हूं, हिंसा करना तो दूर हिंसा के संबंध में सपने में सोच भी नहीं सकता। झूठ, डर, नफ़रत फ़ैलाने और समाज को बांटने वाली भारतीय जनता पार्टी के खिलाफ विचारधारा की अपनी लड़ाई को लोकतांत्रिक तरीके से अंतिम सांस तक जारी रखूंगा। उल्लेखनीय है कि, जेल में बंद राजा पटेरिया से मध्यप्रदेश विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष डॉ. गोविन्द सिंह और हाल ही में पूर्व केन्द्रीय मंत्री अरुण यादव ने पवई पहुंचकर मुलाकत की थी। कांग्रेस पार्टी के इन दोनों ही बड़े नेताओं ने भारतीय जनता पार्टी और शिवराज सरकार पर पूर्व मंत्री राजा पटेरिया को प्रताड़ित करने की मंशा से फर्जी मामले में जेल भेजने का गंभीर आरोप लगाया था।

कई बार आवेदन खारिज़ होने के बाद मिली जमानत

उप जेल पवई में बंद पूर्व मंत्री राजा पटेरिया की ओर से दूसरी बार जमानत की अर्जी अपर सत्र न्याययधीश पवई के न्यायालय में दाखिल की गई थी। न्यायालय ने जमानत के आवेदन पर बिना किसी सुनवाई के क्षेत्राधिकार का हवाला देकर एमपी-एमएलए कोर्ट ग्वालियर में जमानत याचिका प्रस्तुत करने का सुझाव दिया था। इसके बाद स्पेशल एमपी/एमएलए कोर्ट ग्वालियर में जमानत याचिका लगाई थी। लेकिन कोर्ट ने इसे ख़ारिज कर दिया। राजा पटेरिया की तरफ से फिर ग्वालियर एडीजे कोर्ट में जमानत याचिका लगाई गई थी। इसे 22 दिसंबर को कोर्ट ने पुनः ख़ारिज कर दिया था। कोर्ट ने शासकीय अधिवक्ता के तर्कों से सहमत होकर जमानत देने से इंकार कर दिया था। ग्वालियर एडीजे कोर्ट से जमानत याचिका निरस्त होने के बाद राजा पटेरिया के वकीलों ने हाईकोर्ट का रुख किया और मुख्य बेंच जबलपुर में जमानत अर्जी लगाई गई। पिछले महीने 10 जनवरी को सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने यह कहकर जमानत देने से इंकार कर दिया था कि सस्ती लोकप्रियता हांसिल करने के लिए समाज में इस तरह की बयानबाज़ी की प्रवृत्ति को बढ़ावा मिलेगा और फिर 11 जनवरी को याचिका की सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने जमानत याचिका को ख़ारिज कर दिया था। कोर्ट ने अपने आदेश में कहा था यदि आरोपी चाहे महीने भर बाद जमानत के लिए पुनः आवेदन कर सकता है। हाईकोर्ट में दूसरी बार जमानत याचिका दाखिल किए जाने पर आज जस्टिस संजय द्विवेदी की सिंगल बेंच ने पूर्व मंत्री राजा पटेरिया की जमानत की मांग मंजूर कर ली है। संभवतः एक-दो दिन में कानूनी प्रक्रिया पूरी होने के बाद पूर्व मंत्री राजा पटेरिया पवई जेल से रिहा हो जायेंगे।

MP में हावी भ्रष्टाचार ! सिंचाई तालाब-नहर निर्माण कार्य के बिल भुगतान के एवज़ में एसडीओ ने ली 2 लाख की रिश्वत

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सांकेतिक चित्र।

  ठेकेदार के द्वारा लिखित शिकायत करने के 2 माह बाद भी नहीं की गई कार्रवाई

*    जल संसाधन विभाग के राज्यमंत्री रामकिशोर कांवरे के प्रभार वाले पन्ना जिले का मामला

*    ठेकेदार का आरोप एसडीओ ने मांगे थे 3 लाख, 2 लाख रुपए एडवांस दिए तो बिल में कर दी कटौती

*    पन्ना जिले के जल संसाधन संभाग पवई में व्याप्त भ्रष्टाचार को जानबूझकर नजर अंदाज कर रहे जिम्मेदार

शादिक खान, पन्ना। (www.radarnews.in) मध्यप्रदेश के पन्ना जिले में जल संसाधन विभाग बीते डेढ़ दशक से भ्रष्टाचार का पर्याय बना हुआ है। पहले जल संभाग पन्ना घपले-घोटालों और घूसखोरी के लिए बदनाम था लेकिन पिछले 6-7 वर्षों में जल संसाधन संभाग पवई ने आर्थिक अनियमितताओं के मामले में पन्ना को पीछे छोड़कर यह ख़िताब अपने नाम कर लिया है। यहां के तकनीकी अफसर भ्रष्टाचार के नित नए कीर्तिमान स्थापित करके मनचाहे मलाईदार प्रभार और प्रमोशन प्राप्त कर रहे हैं। जल संसाधन संभाग पवई में भ्रष्टाचार की गंगा कितने वेग के साथ प्रवाहित हो रही इसका अंदाजा एक ठेकेदार की शिकायत से लगाया जा सकता है।
ठेकदार ने जल संसाधन उप संभाग पवई के अनुविभागीय अधिकारी (एसडीओ/सहायक यंत्री) पर सिंचाई तालाब-नहर निर्माण कार्य का अंतिम बिल भुगतान करवाने के एवज में 2 लाख रुपए की रिश्वत लेने का गंभीर आरोप लगाया है। घूसखोरी से परेशान ठेकेदार ने अधीक्षण यंत्री छतरपुर के कार्यालय में लिखित शिकायत की है। दो माह गुजरने के बाद भी इस शिकायत पर किसी तरह की कोई कार्रवाई नहीं की गई। मामला जल संसाधन विभाग के प्रमुख अभियंता मदन सिंह डाबर के संज्ञान में होने के बाद भी जांच के नाम पर शिकायत ठण्डे बस्ते में पड़ी है। दुर्भाग्य से यह विडंबना पूर्ण स्थिति तब है जब सूबे के मुखिया मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति लागू होने के दावे करते हैं। लेकिन उनके ये दावे जमीनी हक़ीक़त से ज़रा भी मेल नहीं खाते है।
पन्ना जिल के जल संसाधन संभाग पवई के अंतर्गत तहसील रैपुरा के ग्राम इमलिया में 8,82,73,000 की लागत से पटपरा सिंचाई तालाब (बांध) एवं नहर का निर्माण कार्य हाल ही में पूर्ण हुआ है। निर्माण कार्य कराने वाले ठेकेदार सुखपाल सिंह बुन्देला निवासी सिमरिया जिला पन्ना ने जल संसाधन उप संभाग पवई के अनुविभागीय अधिकारी (एसडीओ/सहायक यंत्री) एके दोहरे पर पर घूस के रूप में मोटी रकम लेने के बावजूद आर्थिक क्षति पहुंचाने के गंभीर आरोप लगाए हैं। अधीक्षण यंत्री जल संसाधन विभाग मण्डल छतरपुर के कार्यालय में ठेकेदार ने दिनांक 16 दिसंबर 2022 घूसखोरी के मामले की लिखित शिकायत कर एसडीओ के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। शिकायत में ठेकेदार ने बताया है कि, पटपरा बांध-नहर निर्माण कार्य का अनुबंध क्रमांक- 04/2013-14 दिनांक 26 सितम्बर 2013 को निष्पादित किया गया था। जल संसाधन विभाग के तकनीकी अधिकारियों की देखरेख में समय सीमा के अंदर कार्य पूर्ण कराया गया। जिसका अंतिम बिल भुगतान करने के एवज में जल संसाधन उप संभाग पवई के अनुविभागीय अधिकारी एके दोहरे द्वारा ठेकेदार से 3 लाख रुपये की रिश्वत की मांग की गई थी।
अंतिम बिल के रूप में निर्माण कार्य की बची हुई राशि और सुरक्षा निधि के रूप में जमा राशि का भुगतान होना था। रिश्वत की मांग से परेशान ठेकेदार सुखपाल सिंह बुन्देला के अनुसार, तत्कालीन एसडीओ एके दोहरे को उनके द्वारा रिश्वत के रूप में 2 लाख रुपये नकद देकर शेष 1 लाख रुपए भुगतान होने के बाद देने का निवेदन किया गया था। कथित तौर पर रिश्वत की पूरी राशि (3 लाख रुपए) एडवांस में न देने के कारण नाराज़ एसडीओ ने एमबी में दर्ज किए गए माप का ठेकेदार को बिना अवलोकन कराए एवं बिना माप स्वीकार करवाकर अंतिम बिल का त्रुटिपूर्ण भुगतान करा दिया।

घूस की पूरी राशि एडवांस न देने पर पहुंचाई आर्थिक क्षति

ठेकदार के द्वारा की गई शिकायत का स्क्रीन शॉट।
ठेकेदार सुखपाल सिंह का आरोप है कि, एसडीओ की डिमांड अनुसार कमीशन रुपी रिश्वत की पूरी राशि (3 लाख रुपए) एडवांस में न देने के कारण उसे जानबूझकर आर्थिक क्षति पहुंचाते हुए पूर्ण भुगतान नहीं किया गया। बिल में करीब 5 लाख रुपए की मनमानी कटौती कर दी है। ठेकेदार ने इस संबंध में तत्कालीन एसडीओ एके दोहरे से बात की और जल संसाधन संभाग पवई की कार्यपालन यंत्री उमा गुप्ता को भी पूरे मामले से अवगत कराया। लेकिन किसी ने उसकी पीड़ा को नहीं समझा। कमीशन रुपी रिश्वत को अपना जन्म सिद्ध अधिकार समझने वाले पवई के तकनीकी अधिकारी एक-दूसरे को बचाने और रिश्वत के खेल को उजागर होने के रोकने के लिए ठेकेदार पर दबाव बनाकर कई महीने तक उसे चुप कराए रहे। इस बीच सहायक यंत्री एके दोहरे का पवई से अशोकनगर के लिए तबादला हो गया। अशोकनगर में प्रभारी कार्यपालन यंत्री के रूप में अपनी सेवायें दे रहे कथित तौर पर भ्रष्ट तकनीकी अधिकारी दोहरे को सबक सिखाने के लिए बिल भुगतान के एवज में उसके द्वारा 2 लाख की रिश्वत लेने की लिखित शिकायत अधीक्षण यंत्री जल संसाधन विभाग मण्डल छतरपुर से की है। शिकायती आवेदन पत्र में ठेकेदार ने घूसखोर अफसर के खिलाफ वैधानिक कार्रवाई करने तथा स्वयं का पूर्ण भुगतान करवाने की मांग की है।

एसडीओ लेते है 3 प्रतिशत कमीशन

ठेकेदार सुखपाल सिंह ने रडार न्यूज़ से चर्चा में कहा कि, रिश्वत लेना और रिश्वत देना बेशक अपराध है। इस बात को वह भलीभांति जानते हैं। लेकिन पन्ना जिले के निर्माण विभागों में संबंधित तकनीकी अधिकारियों, लिपकीय स्टॉफ का रिश्वत रुपी तयशुदा कमीशन दिए बगैर ठेकेदार का बिल भुगतान होना असंभव है। पूरी व्यवस्था ही जब भ्रष्टाचार में लिप्त है तो मैं अकेला क्या कर सकता हूँ। अपनी पीड़ा बताते हुए वे कहते हैं एसडीओ की शिकायत किए दो माह गुजर गए लेकिन उस पर अब तक कोई कार्रवाई नहीं की गई। अधीक्षण यंत्री ने उक्त शिकायत के संबंध में मुझसे बात करना तक उचित नहीं समझा। सुखपाल के अनुसार जल संसाधन संभाग पवई में वर्तमान में निर्माण कार्यों के बिल भुगतान हेतु लगभग 15 प्रतिशत राशि फिक्स कमीशन रुपी रिश्वत के रूप में देनी पड़ती है। जिसमें एसडीओ के हिस्से में 3 प्रतिशत राशि आती है। बताते चलें कि माह नवंबर 2022 के प्रथम सप्ताह में लोकायुक्त पुलिस सागर की टीम ने लोक निर्माण विभाग संभाग पन्ना के उपयंत्री मनोज रिछारिया को ठेकेदार से 7 लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए ऑफिस में रंगे हाथ गिरफ्तार किया था। रिश्वत की यह राशि सड़क निर्माण कार्य का मूल्यांकन करने और बिल भुगतान करवाने हेतु एडवांस में मांगी थी। लोकायुक्त पुलिस की इस ट्रैप कार्रवाई के मद्देनजर जल संसाधन विभाग के ठेकेदार सुखपाल सिंह के आरोप काफी गंभीर माने जा रहे हैं।

मैडम ने सवालों पर साधी चुप्पी

बिल भुगतान के एवज में एसडीओ एके दोहरे द्वारा ठेकेदार से 2 लाख रुपए की रिश्वत एडवांस में लेने का मामला जल संसाधन संभाग पवई की प्रभारी कार्यपालन यंत्री उमा गुप्ता के कार्यकाल का बताया जा रहा है। रिश्वत के शेष एक लाख रुपए एडवांस में न देने के कारण एसडीओ के द्वारा जानबूझकर आर्थिक क्षति पहुंचाने ठेकदार के बिल में कटौती कर भुगतान करवाने से उपजे विवाद की कथित तौर पर मैडम को पूरी जानकारी है। बावजूद इसके घूसखोरी की शिकायत से जुड़े सवालों पर प्रभारी कार्यपालन यंत्री ने गहरी चुप्पी साध रखी है। अपनी हनक और तनुक मिजाजी के लिए चर्चित प्रभारी कार्यपालन यंत्री से घूसखोरी के इस मामले में आवश्यक जानकारी प्राप्त करने के लिए रडार न्यूज़ ने मोबाइल पर कई बार कॉल किया लेकिन उनका फोन रिसीव नहीं हुआ। व्हाट्सएप पर कुछ सवाल भी भेजे गए लेकिन उनका भी कोई जवाब नहीं आया। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह के सुशासन का यह एक उदाहरण मात्र है। पन्ना जिले में सत्ता के संरक्षण में निरंकुश हो चुके अफसर खुद को जवाबदेही से मुक्त मानते हैं। जल संसाधन विभाग के राज्यमंत्री रामकिशोर कांवरे के प्रभार वाले और खनिज एवं श्रम विभाग के मंत्री बृजेन्द्र प्रताप सिंह के गृह जिले पन्ना के अफसरों का यह रवैया शासन-प्रशासन की मंशा और लोकतंत्र की भावना के पूर्णतः विपरीत है। पन्ना के हालात से प्रदेश के अन्य जिलों में बेलगाम हो चुकी अफसरशाही का सहज अनुमान लगाया जा सकता है। जानकारों का मानना है, जनता के सेवक की बजाए खुद को शासक समझने वाले अफसरों का अहंकार और बेइंतहा भ्रष्टाचार आगामी विधानसभा चुनावों में प्रदेश की भाजपा सरकार के खिलाफ प्रभावी मुद्दा बनकर उभरेगा।

इनका कहना है –

“ठेकेदार के द्वारा की गई शिकायत पूर्णतः असत्य और निराधार है। शिकायत करने के पूर्व ही पवई से मेरा स्थानांतरण हो चुका है।”

– एके दोहरे, सहायक यंत्री, जल संसाधन मप्र।

“ठेकेदार के शिकायती आवेदन पत्र की जांच चल रही है। दिनांक 15 फरवरी को ठेकेदार के बयान दर्ज करने पेशी लगाई थी, ठेकेदार सुखपाल सिंह पेशी में उपस्थित हुए थे लेकिन में शासकीय कार्य के सिलसिले में बाहर था इस कारण उनके बयान दर्ज नहीं हो सके। हालांकि मुझे यह शिकायत फर्जी प्रतीत होती है।”

– धीरेन्द्र कुमार खरे, अधीक्षण यंत्री, जल संसाधन मण्डल छतरपुर।

“आपके द्वारा प्रेषित शिकायती आवेदन पत्र को मैनें देखा था, काफी गंभीर प्रकृति के आरोप है, संबंधित अधिकारियों से बात करता हूँ। आवेदन पत्र पर नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।”

– मदन सिंह डाबर, प्रमुख अभियंता ,जल संसाधन विभाग भोपाल।

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MP : लोकायुक्त पुलिस ने 7 लाख रुपये की रिश्वत लेते PWD के सब इंजीनियर को पकड़ा

BJP एजेंट के तौर पर काम कर रहे कलेक्टर के विवादित बयान पर एमपी की सियासत गरमाई

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पन्ना जिले के पवई विधानसभा मुख्यालय में पूर्व मंत्री मुकेश नायक के नेतृत्व में कलेक्टर का पुतला जलाकर प्रदर्शन करते कांग्रेस कार्यकर्ता।

*     सड़क पर उतरकर कांग्रेस ने किया प्रदर्शन, जिले भर में जलाए कलेक्टर के पुतले

   पन्ना के कलेक्ट्रेट भवन में चस्पा किया भाजपा कार्यालय का पर्चा

*     पीएम मोदी का सपना पूरा करने बीजेपी का प्रचार कर रहे थे IAS संजय कुमार

*     राज्यसभा सांसद दिग्विजय सिंह ने की कलेक्टर को बर्खास्त करने की मांग

*     नेता प्रतिपक्ष गोविंद सिंह ने भाजपा की सदस्यता दिलाने लिखा पत्र

  विकास यात्रा में लोगों से बोले कलेक्टर “अगले 25 साल आपको इसी सरकार के साथ रहना है, किसी के बहकावे में नहीं आना”

शादिक खान, पन्ना। (www.radarnews.in) विकास यात्रा के एक कार्यक्रम के दौरान आमलोगों से अगले 25 साल तक भाजपा सरकार के साथ रहने, किसी के बहकावे में ना आने की अपील करने वाले पन्ना कलेक्टर संजय कुमार मिश्र (आईएएस) की लोकसेवक के रूप में निष्ठा और निष्पक्षता शुरू से ही सवालों के घेरे में रही है। इनका विवादित बयान आने से मध्यप्रदेश की सियासत एक बार फिर गरमा गई है। मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस ने पन्ना कलेक्टर को बीजेपी का एजेंट करार देते हुए शुक्रवार को सड़कों पर उतरकर जिले भर में जमकर प्रदर्शन किया। जिले के सभी ब्लॉकों में कलेक्टर के पुतले फूंके गए। पन्ना में प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस के युवा कार्यकर्ताओं ने कलेक्ट्रेट भवन के प्रवेश द्वार पर “भाजपा कार्यालय” का पर्चा चस्पा कर दिया। कांग्रेस के दिग्गज नेता भी इस मुद्दे पर काफी हमलावर हैं। राज्यसभा सांसद दिग्विजय सिंह ने पन्ना कलेक्टर संजय कुमार (आईएएस) को बर्ख़ास्त करने की मांग की है। वहीं मध्यप्रदेश विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष गोविंद सिंह ने प्रदेश भाजपा अध्यक्ष विष्णु दत्त शर्मा को पत्र लिखकर पन्ना कलेक्टर को भाजपा की सदस्यता दिलाने का आग्रह किया है।
पन्ना के नवीन संयुक्त कलेक्ट्रट भवन के प्रवेश द्वार पर युवा कांग्रेस कार्यकर्ताओं के द्वारा चस्पा किया गया भाजपा कार्यालय का पर्चा।
पन्ना कलेक्टर के द्वारा बीते दिवस अमानगंज क़स्बा में विकास यात्रा के एक कार्यक्रम के दौरान भारतीय जनता पार्टी के पक्ष में दिए गए घोर आपत्तिजनक बयान के वायरल होने से जबरदस्त हड़कंप मचा है। वीडियो में कलेक्टर संजय कुमार मिश्र खुलकर भाजपा के पक्ष में प्रचार करते हुए नजर आ रहे हैं। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का सपना पूरा करने के लिए सरकारी कार्यक्रम में कलेक्टर के द्वारा भाजपा के पक्ष में जन समर्थन जुटाने की अपील किए जाने से हर कोई हैरान है। कलेक्टर के कृत्य को अस्वीकार्य बताते हुए एक ओर जहां आमलोग कड़े शब्दों में इसकी निंदा कर रहे हैं तो वहीं दूसरी तरफ कांग्रेस पार्टी ने उनके खिलाफ आक्रामक अंदाज में मोर्चा खोल दिया है। पन्ना कलेक्टर के विरोध में शुक्रवार 10 फरवरी को कांग्रेस कार्यकर्ता जिले भर में सड़कों पर उतर आए। प्रदर्शनकारियों ने कलेक्टर को भारतीय जनता पार्टी का एजेंट बताते हुए उनके खिलाफ तत्काल सख़्त कार्रवाई करने की मांग को लेकर जमकर हल्ला बोला।

कलेक्टर का विवादित बयान

अमानगंज क़स्बा के वार्ड क्रमांक 14 में बुधवार 8 फरवरी की देर शाम विकास यात्रा के कार्यक्रम को संबोधित करते हुए पन्ना कलेक्टर संजय कुमार मिश्र भाजपा नेताओं की भाषा बोलते हुए सुने गए थे। कार्यक्रम के वायरल वीडियो में वे उपस्थित लोगों से खुलेआम यह कहते हुए नजर आ रहे हैं कि, “माननीय मोदी जी कहते हैं 75 साल हो गए देश को आजाद हुए। आज़ादी का अमृतकाल चल रहा है और शताब्दी 25 साल बाद मनाई जाएगी। हमारे प्रधानमंत्री जी का सपना है कि जब आज़ादी की शताब्दी मनाई जाए तब भी यही सरकार रहे। आपको आगामी 25 साल तक इसी शिद्दत और मेहनत से इस सरकार (भाजपा सरकार) के साथ बने रहना है। किसी के भटकाने या भरमाने में नहीं आना है।” कलेक्टर के विवादित संबोधन का वीडियो वायरल होने और इससे जुड़ी खबरें सोशल मीडिया में आने के बाद पन्ना से लेकर राजधानी भोपाल तक सियासी बवाल मच गया।

शिवराज और वीडी शर्मा का है संरक्षण

पन्ना जिला मुख्यलय में नवीन संयुक्त कलेक्ट्रट भवन के बाहर कलेक्टर के खिलाफ धरना देते कांग्रेस पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता।
शुक्रवार को इस मुद्दे पर पन्ना जिला मुख्यालय के अजयगढ़ चौराहा पर युवक कांग्रेस अध्यक्ष स्वतंत्र प्रभाकर अवस्थी के नेतृत्व में युवा नेताओं ने जमकर नारेबाजी करते कलेक्टर का पुतला फूंका। इसके बाद दोपहर 2 बजे से पन्ना जिला कांग्रेस अध्यक्ष शारदा पाठक के नेतृत्व में संयुक्त कलेक्ट्रेट भवन के बाहर पार्टी नेताओं ने धरना-प्रदर्शन किया। धरना को संबोधित करते हुए गुनौर विधायक शिवदयाल बागरी, जिला कांग्रेस प्रभारी सन्मति सैनी, पूर्व विधायक श्रीकांत दुबे, दिव्यरानी सिंह, भरत मिलन पाण्डेय, कार्यवाहक जिला कांग्रेस अध्यक्ष अनीश खान, जिला संगठन मंत्री पवन जैन, पुष्पेन्द्र सिंह, डीके दुबे, एडवोकेट राजेश तिवारी, शशिकांत दीक्षित, महिला कांग्रेस अध्यक्ष जीरा बाई पटेल, पिछड़ा वर्ग जिलाध्यक्ष राजबहदुर पटेल, श्रीकांत दीक्षित पप्पू, सौरभ पटैरिया, रेहान खान, वैभव थापक सहित अन्य नेताओं ने कहा कि पन्ना कलेक्टर संजय कुमार मिश्र (आईएएस) पिछले दो साल से भाजपा के एजेंट की तरह काम कर रहे हैं। यह दूसरा मौका है जब पन्ना कलेक्टर अपने कारनामों की वजह से पूरी तरह बेनक़ाब हुए हैं।
पन्ना के अजयगढ़ चौराहा पर कलेक्टर संजय कुमार मिश्र के खिलाफ युवा कांग्रेस के धरना-प्रदर्शन में मौजूद पार्टी नेता और युवा कांग्रेस के सदस्य।
कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि, खजुराहो-पन्ना सांसद एवं भारतीय जनता पार्टी के प्रदेशाध्यक्ष वीडी शर्मा, खनिज मंत्री बृजेन्द्र प्रताप सिंह और मुख्यमंत्री शिवराज चौहान के संरक्षण के चलते खुलेआम मनमानी कर रहे पन्ना कलेक्टर ने मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय की टिप्पणियों को चरितार्थ कर दिया है। पद का दुरूपयोग करने, सेवा नियमों की धज्जियाँ उड़ाने और निष्पक्ष होकर कार्य ना करने वाले आईएएस संजय कुमार ने देश की सबसे प्रतिष्ठित भारतीय प्रशासनिक सेवा की गरिमा गिराने का काम किया है। ऐसा व्यक्ति शासकीय सेवा में रहने के लायक नहीं है।
दिग्विजय सिंह ने की बर्खास्त करने की मांग
दिग्विजय सिंह, पूर्व मुख्यमंत्री एवं राज्य सभा सांसद।
पन्ना कलेक्टर के द्वारा लोगों से भाजपा का समर्थन में अपील करने को लेकर जारी हंगामे के बीच कांग्रेस के दिग्गज नेता सोशल मीडिया पर हमलावर रहे। पूर्व मुख्यमंत्री एवं राज्यसभा सांसद दिग्विजय सिंह ने ट्वीट कर पूंछा कि, क्या किसी भी शासकीय सेवक को उनके सेवा नियमों में किसी राजनीतिक दल का प्रचार करने की छूट है? उन्होंने कलेक्टर को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर सेवा से बर्खास्त करने की मांग की है। वहीं मध्यप्रदेश कांग्रेस मीडिया विभाग के प्रमुख केके मिश्रा ने मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को ट्विटर पर टैग करते हुए पूंछा है, जिस कलेक्टर पन्ना संजय मिश्रा को माननीय उच्च न्यायालय ने कलेक्टर रहने के लायक नहीं व सत्ताधारी दल का एजेंट बताया, अब यह साबित भी हो चुका है! उसके बाद भी ऐसे अयोग्य व दलाल पर अब तक कार्यवाही क्यों नहीं? क्या ये भी “सरकारी अदानी”हैं? कांग्रेस प्रवक्ता केके मिश्रा ने पन्ना कलेक्टर संजय कुमार मिश्र के विवादित बयान और माननीय उच्च न्यायालय के जस्टिस द्वारा पूर्व में कलेक्टर के खिलाफ की गई तल्ख़ टिप्पणी का वीडियो भी शेयर किया है। मध्यप्रदेश कांग्रेस कमेटी ने अपने अधिकृत ट्विटर हैंडल पर सवाल पूंछा कि, कलेक्टर है या बीजेपी एजेंट। पन्ना कलेक्टर के इस कदाचरण पर मुख्य सचिव कुछ बोलेंगे या फिर सेवावृद्धि के लोभ में अपने कैरियर पर यह दाग़ सहेंगे।

कलेक्टर को दिलाएं भाजपा की सदस्यता

नेता प्रतिपक्ष डॉ. गोविंद सिंह।
मध्यप्रदेश विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष डॉ. गोविंद सिंह ने भारतीय जनता पार्टी के प्रदेशाध्यक्ष विष्णु दत्त शर्मा को एक पत्र लिखा है। इसमें उन्होंने पन्ना कलेक्टर संजय कुमार मिश्र के विवादित बयान से जुड़ीं ख़बरों का हवाला देते हुए कहा कि इस बयान को सुनकर ऐसा लगता है कि वे किसी भाजपा कार्यकर्ता की बजाए भाजपा संगठन का कार्य बेहतर तरीके से कर सकते हैं। उन्होंने कलेक्टर संजय कुमार को भाजपा की सदस्यता दिलाने और उनके कार्यकाल के दौरान कलेक्ट्रेट में भाजपा का अस्थाई कार्यालय खुलवाने का आग्रह किया है। नेता प्रतिपक्ष का यह अनुरोध जनचर्चा का विषय बना हुआ है।

हाईकोर्ट ने कहा था कलेक्टर के पद पर रहने लायक नहीं

मालूम होकि पिछले साल संपन्न हुए त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव परिणाम से जुड़े एक मामले में मध्यप्रदेश हाईकोर्ट (उच्च न्यायालय, जबलपुर) ने पन्ना कलेक्टर संजय कुमार मिश्र (आईएएस) के खिलाफ बेहद तल्ख़ टिप्पणी करते हुए उनको पॉलिटकल एजेंट बताया था। साथ ही कहा था कि, आईएएस संजय कुमार मिश्र कलेक्टर/जिला निर्वाचन अधिकारी जैसे महत्पूर्ण पद पर रहने के लायक नहीं हैं। हाईकोर्ट की कड़ी फटकार और बेहद सख्त टिप्पणियों के बाद भी संजय कुमार मिश्र को पन्ना कलेक्टर के पद से राज्य सरकार के द्वारा हटाया नहीं गया। क्योंकि, सत्ताधारी दल भाजपा के प्रति कथित तौर कलेक्टर का विशेष झुकाव और भाजपा के जनप्रतिनिधियों एवं नेताओं से इनके प्रगाढ़ संबंध जगजाहिर हैं।

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हाईकोर्ट ने पन्ना कलेक्टर को लगाई कड़ी फटकार, कहा- “कलेक्टर संजय कुमार मिश्र ने सत्ताधारी दल के एजेण्ट की तरह काम किया”

विकलांगता से बचाव के लिए फाइलेरिया रोधी दवा का अवश्य करें सेवन

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राष्ट्रीय वेक्टर जनित रोग नियंत्रण कार्यक्रम अंतर्गत फाइलेरिया उन्मूलन अभियान के संबंध में पन्ना जिले में आयोजित मीडिया एडवोकेसी एवं सामजिक जुड़ाव कार्यशाला में जानकारी देते हुए स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी।

*     पन्ना जिले में आज से 22 फरवरी तक चलेगा सामूहिक दवा सेवन कार्यक्रम

*     सीएमएचओ बोले फाइलेरिया रोधी दवा का सेवन पूरी तरह सुरक्षित, बिना घबराए दवा खाएं

शादिक खान, पन्ना।(www.radarnews.in) मध्यप्रदेश में फाइलेरिया रोग से सबसे अधिक प्रभावित 8 जिलों में पन्ना जिला शामिल है। मादा क्यूलेक्स मच्छर के काटने से होने वाली हाथी पांव (फाइलेरिया) की लाइलाज बीमारी का खतरा जिले में लगातार बढ़ रहा है। शारीरिक विकृति पैदा करने अथवा विकलांग बना देने वाली इस बीमारी से बचाव के लिए पन्ना जिले में रहने वाले एवं यहां आने वाले प्रत्येक व्यक्ति को वर्ष में एक बार फाइलेरिया रोधी दवा का सेवन करना जरुरी है। क्योंकि, गंदे पानी में पैदा होने वाले मादा क्यूलेक्स मच्छर के काटने से इस बीमारी के फैलने की आशंका रहती है। यह दवा शरीर के अंदर के फाइलेरिया के परजीवी कृमि को रक्त में ही समाप्त कर हाथी पांव की बीमारी से बचाती है। फाइलेरिया उन्मूलन के लिये पन्ना जिले में मॉस ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन अभियान शुक्रवार 10 फरवरी से संचालित किया जायेगा। 10 फरवरी से लेकर 22 फरवरी तक चलने वाले इस अभियान के तहत जिले की 11 लाख से अधिक आबादी को सामूहिक दवा सेवन स्वास्थ्य कर्मियों के द्वारा समकक्ष में कराया जायेगा। यह जानकारी पन्ना के प्रभारी मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. व्हीएस उपाध्याय ने दी है।
फाइलेरिया उन्मूलन अभियान के तहत बुधवार 8 फरवरी को आईपीडीपी सभागार में आयोजित मीडिया एडवोकेसी एवं सामजिक जुड़ाव कार्यशाला में प्रभारी मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. व्हीएस उपाध्याय ने बताया कि 10 एवं 11 फरवरी को स्कूल, महाविद्यालय, कार्यालय, आंगनवाड़ी केन्द्र में बूथ लगाकर फाइलेरिया रोधी दवा का सेवन कराया जाएगा। 13 से 17 फरवरी तक घर-घर जाकर दवा सेवक अपने समक्ष फाइलेरिया रोधी दवा का सेवन कराएंगे। छूटे हुए लोगों को स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं द्वारा 20 से 22 फरवरी तक दवा का सेवन कराया जाएगा। आपने बताया कि फाइलेरिया दवा का सेवन पूर्णतः सुरक्षित है इसके कोई दुष्प्रभाव नहीं है। अपवाद स्वरूप अगर किसी व्यक्ति को कोई समस्या उत्पन्न होती है तो घबराने की आवश्यकता नहीं है, तुरंत दवा वितरण करने वाले स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं, नजदीकी स्वास्थ्य केन्द्र या फिर एमडीए कन्ट्रोल रूम नम्बर:- 07732-252009 सम्पर्क कर आवश्यक उपचार प्राप्त कर सकते हैं।

तीन तरह की दवाईयों का उम्र के हिसाब से करना है सेवन

डॉ. जीपी आर्या ने जानकारी देते हुए बताया कि फाइलेरिया उन्मूलन कार्यक्रम के अंतर्गत 02 वर्ष से ऊपर की समस्त जनसंख्या (गर्भवती महिला एवं गंभीर रूप से बीमार व्यक्तियों को छोड़कर) को फायलेरिया रोधी दवा का सेवन करना आवश्यक है। कार्यक्रम अंतर्गत तीन तरह की दवाईयों का सेवन करवाया जाना है। जिसमें एलबेंडाजोल की 01 गोली सभी को चबाकर खानी है, डीईसी की गोली उम्र के अनुसार एवं आइबरमेक्टिन की गोली ऊंचाई के अनुसार खानी है। 2 से 5 वर्ष के बच्चों को डीईसी की एक गोली, 6 से 14 वर्ष के बच्चों को डीईसी की दो गोली एवं 15 वर्ष से ऊपर के बच्चों को डीईसी. की तीन गोलियां खिलायी जानी है। इसी प्रकार 90 सेंटीमीटर से 119 सेंटीमीटर की ऊंचाई वाले बच्चों को आइवर मेक्टिन की एक गोली, 120 सेमी. से 140 सेमी. की ऊंचाई वाले बच्चों को आइवर मैक्टिन की दो गोली 141 सेंटीमीटर से 158 से.मी. की ऊंचाई वाले व्यक्तियों को आइवर मेक्टिन की तीन गोली एवं 158 सेंटीमीटर से अधिक ऊंचाई वाले व्यक्तियों को आइबर मेक्टिन की चार गोली का सेवन कराया जाना है।

दवा खाने से फाइलेरिया मुक्त होगा जिला

फाइलेरिया उन्मूलन अभियान के संबंध में पन्ना में आयोजित मीडिया एडवोकेसी एवं सामजिक जुड़ाव कार्यशाला में उपस्थित पत्रकारगण।
जिला मलेरिया एवं फायलेरिया अधिकारी अरुणेन्द्र प्रताप सिंह ने कहा कि फाइलेरिया से बचाव के लिए सभी लक्षित जनसमुदाय को इस दवा का सेवन करना जरूरी है। उन्होंने आमजन से अपील है कि सभी लोग इस दवा का सेवन अवश्य करें जिससे पन्ना जिला फायलेरिया रोग से मुक्त हो सके। कार्यशाला में गुंजन सिंह, शदब खान, प्रकाश आठ्या, राजेश तिवारी, मोहम्मद सलीम खान बाबू जी, इदरीश मोहम्मद, सजनीश शर्मा सहित स्वास्थ्य विभाग के अन्य अधिकारी-कर्मचारी एवं पत्रकारगण उपस्थित रहे।

फाइलेरिया के लक्षण

आमतौर पर फाइलेरिया का संक्रमण बचपन में ही हो जाता है, लेकिन कई सालों तक इसके लक्षण स्पष्ट रूप से दिखाई नहीं देते। हालांकि रोग की प्रारंभिक अवस्था में बुखार, बदन में खुजली और पुरुषों के जननांग और उसके आसपास दर्द व सूजन की समस्या होती है। इसके अलावा पैरों और हाथों में सूजन, हाइड्रोसिल (अंडकोषों की सूजन) भी फाइलेरिया के लक्षण हैं।

13 फरवरी को पन्ना आएंगे पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ

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पूर्व मुख्यमंत्री एवं मध्यप्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमल नाथ। (फाइल फोटो)

*    अजयगढ़ क़स्बा में विशाल आमसभा को करेंगे संबोधित

*    कार्यक्रम को सफल बनाने वृहद स्तर पर तैयारियों में जुटे कांग्रेस नेता

शादिक खान, पन्ना। (www.radarnews.in) पूर्व मुख्यमंत्री एवं मध्यप्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमलनाथ सोमवार 13 फरवरी 2023 को पन्ना जिले के एक दिवसीय प्रवास पर आएंगे। वे यहां पन्ना विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत ब्लॉक मुख्यालय अजयगढ़ में विशाल आमसभा को संबोधित करेंगे। कमलनाथ के आगमन को लेकर जिले के कांग्रेस कार्यकर्ताओं में अपार उत्साह देखा जा रहा है। अजयगढ़ में होने वाली आमसभा को सफल बनाने के लिए जिले के कांग्रेस नेता एकजुटता के साथ आवश्यक तैयारियों में जुटे हैं। अजयगढ़ की आमसभा में अपार जनसमूह को जुटाने के लिए कांग्रेसियों द्वारा गांव-गांव में सूचना देकर लोगों आमंत्रित किया जा रहा है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमलनाथ की आमसभा के संबंध में आज जिला कांग्रेस अध्यक्ष पन्ना श्रीमति शारदा पाठक और कार्यक्रम के आयोजक वरिष्ठ कांग्रेस नेता भरत मिलन पाण्डेय के द्वारा प्रेसवार्ता कर पत्रकारों को विस्तृत जानकारी दी गई।

जनविरोधी सरकार को उखाड़ फेंकने करेंगे आव्हान

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमलनाथ की अजयगढ़ में होने वाली आमसभा के संबंध में प्रेसवार्ता में जानकारी देते हुए वरिष्ठ कांग्रेस नेता भरत मिलन पाण्डेय एवं बगल में बैठीं पन्ना जिला कांग्रेस अध्यक्ष शारदा पाठक।
पन्ना के होटल मोहन राजविलास में सोमवार 7 फरवरी को आयोजित प्रेसवार्ता में जिला कांग्रेस अध्यक्ष पन्ना श्रीमति शारदा पाठक और कार्यक्रम के आयोजक एवं जनपद पंचायत अजयगढ़ के पूर्व अध्यक्ष भरत मिलन पाण्डेय ने संयुक्त रूप से पत्रकारों को बताया कि पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ के द्वारा 15 माह की सरकार के दौरान किसान कर्ज माफी, कन्या विवाह, वृद्धा, दिव्यांग एवं विधवा पेंशन की राशि दोगुनी करने के साथ-साथ प्रदेश भर में हजारों गौशालाओं का निर्माण करवाया गया, जो हर व्यक्ति जानता है। वर्तमान में पन्ना सहित संपूर्ण प्रदेश और देश भाजपा की जन विरोधी नीतियों से परेशान है। भ्रष्टाचार चरम पर है किसानों की फसल अतिवृष्टि और पाला में चौपट होने पर मुआवजा देने के बजाय किसान गौरव यात्रा निकाली जाती है। जिले की स्वास्थ्य और शिक्षा व्यवस्था चौपट है। रेत और पत्थर खदानों में भाजपा संरक्षित माफियाओं का कब्जा है, जिसे रोकने के बजाय लोगों का ध्यान बांटने के लिए विकास यात्रा निकाली जा रही है। प्रदेश की जनविरोधी भाजपा सरकार की सच्चाई लोगों को बताने के लिए पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ लगातार प्रदेश का दौरा कर रहे हैं। इसी क्रम में 13 फरवरी को प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमलनाथ पन्ना जिले के अपने एक दिवसीय प्रवास के दौरान अजयगढ़ में विशाल आमसभा को संबोधित करेंगे।

इनकी रही उपस्थिति

प्रेसवार्ता में जानकारी देते हुए बताया कि, पार्टी के सभी 12 प्रकोष्ठों के अध्यक्षों के नेतृत्व में कांग्रेस के पदाधिकारी और कार्यकर्ता पूरी क्षमता के साथ इस आमसभा को सफल बनाने के लिए जुटे हैं। इस अवसर पर वरिष्ठ कांग्रेस नेता भास्कर देव बुंदेला, शिवजीत सिंह, परुषोत्तम जड़िया, पुष्पेंद्र सिंह, कार्यकारी जिला कांग्रेस अध्यक्ष अनीस खान, जिला संगठन मंत्री पवन जैन, ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष अजयगढ़ राकेश गर्ग, रामअवतार तिवारी, दादूराम मिश्रा, बीएस राजपूत, ओंकार सिंह, सुखदेव मिश्रा, पप्पू राजा, राजाबेटा पटेल सहित कई अन्य कांग्रेस पदाधिकारी, कार्यकर्ता एवं पत्रकारगण उपस्थित थे।

सड़क हादसा : ट्रैक्टर और बाइक की टक्कर में नवयुवक की मौत

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सड़क हादसे में मृत भीम सिंह के शव का रैपुरा क़स्बा की मोर्चरी में पोस्टमार्टम होने के बाद शव को गांव ले जाने की तैयारी में शोक संतृप्त परिजन।

*    पन्ना जिले के रैपुरा थाना अंतर्गत खेरो ग्राम के समीप हुआ हादसा

पन्ना/रैपुरा। (www.radarnews.in) जिले के रैपुरा थाना अंतर्गत तेज रफ़्तार ट्रैक्टर और बाइक की आमने-सामने की टक्कर में बाइक चालक नवयुवक की दर्दनाक मौत हो गई। सड़क हादसा शनिवार 28 जनवरी 2023 की शाम करीब 4 बजे खेरो ग्राम के समीप हुआ। रैपुरा थाना पुलिस ने आज सुबह मृतक का पोस्टमार्टम कारवाने के बाद शव को शोक संतृप्त परिजनों के सुपुर्द कर दिया। पुलिस ने दुर्घटना पर मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरू कर दी है। सड़क हादसे में जवान बेटे की असमय मौत होने से परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
राजकुमार लोधी ने जानकारी देते हुए बताया कि उनका भतीजा भान सिंह पिता राममिलन लोधी 20 वर्ष निवासी ग्राम गंज थाना रैपुरा शनिवार 28 जनवरी की शाम करीब 4 बजे अपने खेत से बाइक पर सवार होकर नजदीक ग्राम बड़ागांव की ओर जाने के लिए निकला था। रास्ते में खेरो ग्राम के नजदीक सामने से तेज रफ़्तार में आ रहे ट्रैक्टर से बाइक की सीधी भिड़ंत हो गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि बाइक चालक भान सिंह अत्यंत ही गंभीर रूप से घायल हो गया। हादसे की सूचना मिलने पर परिजन बदहवास हालत में आनन-फानन में मौके पर पहुंचे और घायल भीम सिंह को बेहतर इलाज हेतु पड़ोसी जिला कटनी ले जाने के लिए वाहन से रवाना हो गए। लेकिन कटनी पहुंचने से पहले रास्ते में ही उसकी मौत हो गई।
शनिवार देर शाम वापस रैपुरा क़स्बा लौटे परिजनों के द्वारा पुलिस को भीम की मौत की जानकारी देकर शव को पोस्टमार्टम के लिए स्थानीय मोर्चरी में रखवाया गया। प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र रैपुरा में पदस्थ डॉ. एमएल चौधरी ने आज सुबह शव का पोस्टमार्टम किया। जिसके बाद पुलिस ने शव को परिजनों को सौंप दिया। सड़क हादसे में नवयुवक की मौत की दुखद खबर आने के बाद से ही ग्राम गंज सहित आसपास के इलाके में शोक का माहौल निर्मित है।

MP : दंपत्ति के सुसाइड करने से पहले का वीडियो आया सामने, संजय ने कहा- “बाय जिंदगी…… हम समझ नहीं पा रहे हैं क्या करने जा रहे हैं; मेरे बच्चों मुझे माफ करना”

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पन्ना के कपड़ा व्यापारी संजय सेठ और उनकी पत्नी मीनू सेठ। (फाइल फोटो)

*     कपड़ा व्यापारी ने पत्नी सहित खुद को गोली मारकर की थी आत्महत्या

*     जिन लोगों से रुपए मिलने हैं वीडियो में उनसे कहा- मेरे बच्चों के खातिर मेरा पैसा वापिस कर देना

पन्ना। (www.radarnews.in) मध्यप्रदेश के पन्ना निवासी कपड़ा व्यापारी संजय सेठ और उनकी पत्नी मीनू सेठ के द्वारा शनिवार 28 जनवरी को दोपहर में खुद को गोली मारकर आत्महया करने से पहले का वीडियो सामने आया है। सोशल मीडिया पर वायरल इस वीडियो में संजय एक रजिस्टर दिखाते हुए नजर आ रहे हैं। जिसमें उन लोगों के नाम लिखे हैं जिनसे उन्हें रुपये मिलने थे। साथ ही उनके मोबाइल नम्बर तथा राशि का भी उल्लेख है। वीडियो में संजय कह रहे हैं कि उनकी बेटी की शादी अच्छी तरह से की जाए। बेटी की शादी पर होने वाले खर्च के लिए वे अपने और पत्नी के बैंक खातों में राशि जमा होने तथा बैंक के लॉकर गहने रखे होने की जानकारी देते हुए दिख रहे हैं।
वीडियो में संजय रोते हुए कहते हैं, मैं और मेरी धर्मपत्नी दोनों जा रहे हैं, नहीं जी पा रहे हैं, मेरे बच्चों मुझे माफ़ करना। कपड़ा व्यापारी के इस वीडियो को उनके ही फेसबुक अकाउंट से परिवार के किसी सदस्य ने किया साझा किया है। साझा किये गए वीडियो में संजय सेठ कह रहे हैं, आप सभी से हाथ जोड़कर निवेदन है मेरे बच्चों के खातिर जो मेरा पैसा है उसे वापिस कर देना। इसके अलावा वीडियो में उन्होंने अपनी देनदारी का भी जिक्र किया है। बागेश्वर धाम सरकार के अनुयायी रहे संजय वीडियो में बागेश्वर धाम पीठाधीश्वर धीरेन्द्र कृष्ण शास्त्री के लिए कहते हैं गुरुजी मैं आपका चेला हूँ, माफ करना कमजोर पड़ गया हूं। गुरुदेव शक्तिशाली है, सनातन की अलख जलाते रहना। उन्होंने अपने बच्चों के लिए कहा बड़े अपने बड़े मम्मी-पापा की बात मानना। वीडियो में संजय ने सुसाइड करने के पीछे की वजह खुलकर नहीं बताई है।

उल्लेखनीय है कि पन्ना के किशोरगंज मोहल्ला निवासी संजय सेठ और उनकी पत्नी मीनू सेठ ने शनिवार 28 जनवरी को दोपहर में पैतृक घर की पहली मंजिल में स्थित अपने कमरे का दरवाजा अंदर से बंद करके खुद को गोली मार ली थी। सनसनीखेज घटना के समय कमरे के अंदर तेज आवाज में चल रहे टीव्ही की वजह से घर के भूतल में मौजूद रहे परिजनों को गोली चलने की भनक तक नहीं लगी। दंपत्ति की आत्महत्या की दिल दहलाने वाली खबर आने के बाद पन्ना में शोक की लहर दौड़ गई थी। इस दुखद घटना की खबर आने के कुछ घण्टे बाद आए सेठ दंपत्ति के सुसाइड से पहले के वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हैं।

घटना के संबंध में अधिक जानकारी के लिए नीचे दी गई लिंक को क्लिक करें-

MP : कपड़ा व्यापारी ने पत्नी के साथ खुद को मारी गोली, सुसाइड नोट में लिखा…. हमारे सामने बड़ी प्रॉब्लम थी!