Home Blog Page 46

एमपी के 15 जिलों की 12 हजार 644 वक़्फ़ सम्पत्तियों की होगी जीआईएस मेपिंग

0
फाइल फोटो।

*    सम्पत्तियों को अतिक्रमण से मुक्त कराने की जा रही त्वरित कार्रवाई

  मुस्लिम बच्चों को उच्च स्तर की कोचिंग की पहल

भोपाल। (www.radarnews.in) मध्य प्रदेश में वक़्फ़ सम्पत्तियों की भौतिक स्थिति जानने के लिये 15 जिलों की करीब 12 हजार 644 वक़्फ़ सम्पत्तियों की जीआईएस मेपिंग की गई है। यह जानकारी वामसी ऑनलाइन www.wamsi.nic.in पर भी उपलब्ध कराई गई है। इस व्यवस्था से वक्फ संपत्तियों पर अतिक्रमण के प्रकरणों की जानकारी मिल रही है। वक़्फ़ बोर्ड द्वारा अतिक्रमण हटाने के संबंध में जिला प्रशासन के साथ मिलकर त्वरित कार्यवाही की जा रही है। वक़्फ़ बोर्ड पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण विभाग के अंतर्गत संचालित हो रहा है।
वक्फ बोर्ड द्वारा 5 लाख रूपये से अधिक आय वाली सम्पत्तियों के उचित प्रबंध और आय बढ़ाने के लिये कार्यपालन अधिकारी की नियुक्ति भी की गई है। इसके अच्छे परिणाम सामने आ रहे हैं। राष्ट्रीय वक़्फ़ निगम द्वारा मध्यप्रदेश वक़्फ़ के 4 बड़े वक्फों को विकसित करने के लिये चिन्हित किया गया है।
बोर्ड ने अपनी कार्य-प्रणाली में सुधार और पारदर्शिता लाने के लिये उर्स-मेलों की खुले बाजार में नीलामी की कार्यवाही की है। इससे वक्फ की आमदनी में वृद्धि हुई है। प्रदेश में करोड़ों के बाजार मूल्य की वक्फ सम्पत्तियाँ, जो राजस्व रिकॉर्ड में किसी अन्य के नाम नामांतरण हो गई थीं, बोर्ड के प्रयास से वापस वक्फ सम्पत्ति के रूप में राजस्व रिकॉर्ड में दर्ज कराई गई हैं।

उच्च स्तरीय शिक्षा के लिये पहल

बोर्ड द्वारा मुस्लिम बच्चों में उच्च शिक्षा के प्रति रुझान पैदा करने के भी बेहतर प्रयास किये जा रहे हैं। बोर्ड ने जकात फाउण्डेशन ऑफ इण्डिया के साथ मिलकर आईएएस और आईपीएस की तैयारी के लिये उच्च स्तर की नि:शुल्क कोचिंग क्लॉस प्रारंभ करने की बड़ी पहल की है।

दबंगई : आदिवासी सरपंच पति की रोजगार सहायक ने की सरेआम पिटाई, घटना का वीडियो वायरल

0
आदिवासी सरपंच के पति को पंचायत भवन के बाहर सरेआम पीटते हुए ग्राम रोजगार सहायक के कथित साथी।

*    पन्ना जिले की अजयगढ़ जनपद अंतर्गत ग्राम पंचायत नंदनपुर का मामला

*    कलेक्टर से भ्रष्टाचार की शिकायत करने से नाराज़ था ग्राम रोजगार सहायक

*    मध्यप्रदेश में नहीं थम रहीं आदिवासियों के उत्पीड़न की घटनाएं

मुस्तकीम खान, अजयगढ़/पन्ना (www.radarnews.in) मध्यप्रदेश से आदिवासियों के उत्पीड़न की हैरान करने वाली घटनाएं लगातार सामने आ रहीं है। इसी क्रम में प्रदेश के पन्ना जिले में एक आदिवासी सरपंच पति के साथ पंचायत के ग्राम रोजगार सहायक व अन्य के द्वारा दिनदहाड़े मारपीट करने का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल है। घटना जिले अजयगढ़ जनपद पंचायत अंतर्गत ग्राम पंचायत नंदनपुर की है। जहां आदिवासी सरपंच शिवकली गौंड़ के पति श्यामलाल गौंड़ के द्वारा कुछ दिन पूर्व पंचायत के ग्राम रोजगार सहायक सुरेन्द्र के भ्रष्टाचार सहित अन्य कारनामों की शिकायत पन्ना कलेक्टर व अन्य अधिकारियों से की गई थी। शिकायत की भनक लगने के बाद से ही ग्राम रोजगार सहायक (जीआरएस) काफी आक्रोशित था और सरपंच पति श्यामलाल की इस हिमाकत का उससे बदला लेने फ़िराक में था।
ग्राम पंचायत नंदनपुर की आदिवासी सरपंच शिवकली गौंड़।
बीते दिवस जब ग्राम पंचायत नंदनपुर में आयोजित ग्राम सभा में सम्मलित होने के लिए सम्बंधित अधिकारी-कर्मचारी, जनप्रतिनिधि एवं स्थानीय ग्रामीण पंचायत भवन में मौजूद थे, तभी आदिवासी सरपंच शिवकली गौंड़ अपने पति श्यामलाल गौंड़ के साथ वहां पहुंची। पंचायत भवन के बाहर खड़े रोजगार सहायक सुरेन्द्र एवं उसके साथियों ने दबंगई दिखाते सरपंच को गालियां देनी शुरू कर दी। गालियां देने से मना करने पर सुरेन्द्र ने सरपंच पति श्यामलाल को पंचायत भवन के सामने ही पटक-पटक कर जमकर पीटा। जिससे वह बुरी तरह से घायल हो गया। सरपंच पति ने मौके से भागकर किसी तरह अपनी जान बचाई। पीड़ित ने मारपीट, गाली-गलौंज की घटना की शिकायत धरमपुर थाना में की है। जिस पर थाना पुलिस ने आरोपियों के विरुद्ध 294, 323, 506, 34 एवं एससी-एसटी एक्ट की धाराओं के तहत आपराधिक पंजीबद्ध कर माले को विवेचना में लिया है। इस घटनाक्रम के बाद से आदिवासी महिला सरपंच और उसका परिवार अपनी जान-माल की सुरक्षा को लेकर अत्यंत ही भयभीत है।

BJP ने मध्यप्रदेश की 39 सीटों पर प्रत्याशियों का किया ऐलान, गुनौर से राजेश वर्मा पर पुनः भरोसा जताया

0
सांकेतिक चित्र।

*    पिछला चुनाव करीबी मुकाबले में हार गए थे इसलिए लगातार दूसरी बार दिया टिकिट

शादिक खान , भोपाल/पन्ना। (www.radarnews.in) भारतीय जनता पार्टी ने विधानसभा चुनाव की तारीखों की घोषणा से पूर्व ही मध्यप्रदेश की 39 सीटों पर उम्मीदवारों के नामों का ऐलान कर दिया है। राष्ट्रीय राजधानी नई दिल्ली में एक दिन पूर्व 16 अगस्त को भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जगत प्रकाश नड्डा की अध्यक्षता में केन्द्रीय चुनाव समिति की बैठक संपन्न हुई थी। इस बैठक में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, गृह मंत्री अमित शाह सहित केन्द्रीय चुनाव समिति के अन्य सदस्य उपस्थित रहे। आसन्न विधानसभा चुनाव के मद्देनजर बैठक में इस बात पर सहमति बनी थी कि कुछ कमजोर सीटों पर पार्टी प्रत्याशियों की घोषणा एक-दो दिन में कर दी जाएगी। केन्द्रीय चुनाव समिति (CEC) ने मध्यप्रदेश की 39 सीटों के साथ ही पड़ोसी राज्य छत्तीसगढ़ की 21 विधानसभा सीटों पर भी अपने उम्मीदवारों के नामों की सूची जारी कर दी है।

2008 में विधायक चुने गए थे वर्मा 

पूर्व विधायक राजेश वर्मा।
भारतीय जनता पार्टी की केन्द्रीय चुनाव समिति (CEC) ने मध्यप्रदेश में होने वाले आगामी विधानसभा चुनाव-2023 के लिए जिन 39 सीटों पर उम्मीदवार के नामों पर अपनी मुहर लगाई है, उसमें पन्ना जिले की गुनौर सीट से पूर्व विधायक राजेश वर्मा का नाम शामिल है। बता दें कि, अनुसूचित जाति वर्ग के लिए आरक्षित गुनौर विधानसभा क्षेत्र क्रमांक-59 से राजेश वर्ष 2008 में भाजपा के टिकिट पर विधायक निर्वाचित हुए थे। लेकिन वर्ष 2013 के चुनाव में पार्टी ने उनका टिकिट काटकर इंजीनियर महेन्द्र बागरी पर दांव लगाया था। इस चुनाव में महेन्द्र विजयी हुए। मगर, 2018 के विधानसभा चुनाव में बीजेपी ने महेन्द्र का पत्ता काटते हुए राजेश वर्मा को दूसरी बार गुनौर सीट से चुनावी समर में उतारा था। कांटे के इस मुकाबले में कांग्रेस के मौजूदा विधायक शिवदयाल बागरी ने अपने निकटतम प्रतिद्वंदी राजेश वर्मा पर दो हजार से कम मतों के अंतर से जीत दर्ज की थी। जानकार इस नजदीकी हार को क्षेत्र में भाजपा की आंतरिक कलह, भीतरघात और मतदान के पूर्व चुनावी प्रबंधन गड़बड़ाने से जोड़कर देखते रहे है।

क्षेत्र में लगातार रहे सक्रिय

2018 में मिली हार के बाद वर्मा निराश होकर घर नहीं बैठे बल्कि क्षेत्र में पांच साल से लोगों के बीच निरन्तर सक्रिय है। साथ ही समय-समय पर गुनौर के मुद्दों को भी उठाते रहे है। फलस्वरूप, भाजपा ने 2023 के विधानसभा चुनाव के लिए तीसरी बार उन पर भरोसा जताया है। गुनौर (अमानगंज) विधानसभा क्षेत्र में भारतीय जनता पार्टी ने सम्भवतः पहली दफा किसी नेता पर तीसरी बार दांव लगाया है। अभी तक मुख्य प्रतिद्वंदी भाजपा और कांग्रेस पार्टी प्रत्येक चुनाव में यहां से नया चेहरा उतरती रहीं है। दोनों ही पार्टियों ने कभी किसी उम्मीदवार को लगातार दूसरे चुनाव रिपीट नहीं किया। दोनों के द्वारा अपने पूर्व विधायकों को एक-दो चुनाव के अंतराल के बाद टिकिट देने कुछ उदाहरण मिलते है। इस लिहाज से डॉक्टर राजेश वर्मा वाकई किस्मत वाले है। मालूम हो कि राजेश के पिता स्वर्गीय गनेशी लाल वर्मा भी पूर्व में गुनौर (अमानगंज) विधानसभा क्षेत्र भाजपा के टिकिट पर विधायक निर्वाचित हुए थे।

राजेश ने मंदिर पहुंचकर माथा ठेका

प्रत्याशी घोषित होने के बाद पूर्व विधायक राजेश वर्मा ने समर्थकों के साथ गुनौर के बालाजी सरकार के मंदिर पहुंचकर माथा टेका।
गुरुवार 17 अगस्त को शाम के समय भाजपा द्वारा मध्यप्रदेश विधानसभा चुनाव-2023 के लिए जारी प्रत्याशियों की पहली सूची में गुनौर सीट से राजेश वर्मा का नाम शामिल होने की खबर आते ही उनके समर्थकों में ख़ुशी की लहर दौड़ गई। घोषणा के समय राजेश गुनौर में ही मौजूद थे। देखते ही-देखते उनके आवास में समर्थकों का जुटना शुरू हो गया। कुछ देर बाद समर्थकों के साथ प्रसिद्ध बालाजी सरकार मंदिर पहुंचकर वर्मा ने माथा टेका और भगवान को प्रसाद चढ़ाया। फिर सभी ने एक-दूसरे को मिठाई खिलाकर ख़ुशी का इजहार किया।

सीएम के आगमन की पूर्व संध्या पर हुई घोषणा

मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान।
यह महज संयोग ही है कि, राजेश वर्मा के नाम की घोषणा मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के गुनौर आगमन की पूर्व संध्या पर हुई है। मुख्यमंत्री श्री चौहान शुक्रवार, 18 अगस्त को गुनौर में आयोजित जनदर्शन सहित लाड़ली बहना सम्मेलन एवं विकास कार्यों के भूमिपूजन व लोकार्पण कार्यक्रम में शामिल होंगे। प्राप्त जानकारी अनुसार मुख्यमंत्री दोपहर 1.20 बजे खजुराहो विमानतल से हेलीकॉप्टर द्वारा प्रस्थान कर 1.40 बजे गुनौर स्टेडियम स्थित हेलीपैड पहुंचेंगे और स्थानीय कार्यक्रमों में शामिल होने के उपरांत अपरान्ह 4.30 बजे शासकीय महाविद्यालय गुनौर स्थित हेलीपैड से हेलीकॉप्टर द्वारा खजुराहो प्रस्थान करेंगे।

मध्यप्रदेश के प्रत्याशियों की सूची देखें–

 

कलेक्टर ने प्रसूता की समस्या सुन सिविल सर्जन और सीएमएचओ को लगाई फटकार, लापरवाह नर्स निलंबित

0
पन्ना जिला चिकित्सालय के निरीक्षण के दौरान प्रसूता की समस्या सुनने के बाद लापरवाह नर्स को फटकार लगाते नवागत पन्ना कलेक्टर हरजिंदर सिंह।

*     पन्ना जिला चिकित्सालय के औचक निरीक्षण पर पहुंचे कलेक्टर

*     जगह-जगह गंदगी देख जताई नाराजगी, व्यवस्थाएं सुधारने के दिए निर्देश

*     क्रिटिकल केयर यूनिट के निर्माण हेतु प्रस्तावित स्थल का किया मुआयना

शादिक खान, पन्ना। (www.radarnews.in) नवागत पन्ना कलेक्टर हरजिंदर सिंह कार्यभार संभालने के बाद से ही एक्शन मोड में नजर आ रहे है। उन्होंने आज दोपहर में जिला अस्पताल का औचक निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान जगह-जगह गंदगी दिखने पर उन्होंने साफ़-सफाई व्यवस्था को लेकर गहरी नाराजगी व्यक्त करते हुए ठेका एजेंसी को नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। अस्पताल में एक प्रसूता को वापस घर जाने के लिए कई घण्टे से एम्बुलेंस न मिलने का मामला संज्ञान में आने पर कलेक्टर ने सिविल सर्जन डॉ. आलोक गुप्ता और सीएमएचओ डॉ. व्हीएस उपाध्याय को जमकर फटकार लगाई। इस मामले में प्रथम दृष्टया मेटरनिटी वार्ड प्रभारी नर्स तथा प्रसूता के साथ आई आशा कार्यकर्ता की लापरवाही पाए जाने पर दोनों के खिलाफ तत्काल प्रभाव से सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने अस्पताल में मरीज और उनके परिजन को मिलने वाली सुविधओं की जानकारी ली। साथ ही विभिन्न वार्डों का भ्रमण कर मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी और सिविल सर्जन को अस्पताल की व्यवस्थाएं दुरूस्त करने के सख्त हिदायत दी गई।
शनिवार 12 अगस्त को दोपहर करीब ढाई बजे नवागत कलेक्टर हरजिंदर सिंह के अचानक जिला चिकित्सालय के निरीक्षण पर पहुँचने से हड़कंप मच गया। कलेक्टर के सख्त तेवर देख डॉक्टर, नर्सेस एवं पैरामेडिकल स्टॉफ सकते में आ गया। निरीक्षण के दौरन कलेक्टर श्री सिंह ने वार्ड में भर्ती मरीजों से चर्चा की। भ्रमण के दौरान अस्पताल परिसर और शौचालयों एवं अन्य स्थानों पर साफ-सफाई की बेहतर व्यवस्था सुनिश्चित करने की हिदायत दी। अस्पताल में उपलब्ध दवाओं और निःशुल्क जांच इत्यादि के संबंध में चिकित्सकों से जानकारी लेकर पात्र मरीजों को शासकीय योजनाओं के लाभ के संबंध में भी निर्देशित किया। कई वार्ड में भर्ती मरीज के परिजनों को बाहर सोते हुए पाए जाने पर उन्होंने नाराजगी व्यक्त की और तत्काल जिला शहरी विकास अभिकरण के परियोजना अधिकारी शशिकपूर गढ़पाले को मरीज के परिजनों के लिए रैनबसेरा में सुविधा उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।

मेटरनिटी वार्ड की इंचार्ज नर्स निलंबित

मेटरनिटी वार्ड के भ्रमण के दौरान अजयगढ़ निवासी महिला नीता द्वारा जिला कलेक्टर को अवगत कराया गया कि प्रसव उपरांत डिस्चार्ज होने पर घर जाने के लिए किसी भी प्रकार का वाहन उपलब्ध नहीं कराया गया है। इस शिकायत पर मेटरनिटी वार्ड की इंचार्ज नर्सिंग सिस्टर सरला घोटे से जानकारी तलब कर लापरवाही प्रमाणित पाए जाने पर तत्काल प्रभाव से निलंबित करने की कार्यवाही की। निलंबन अवधि में नर्सिंग सिस्टर का मुख्यालय प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र धरमसागर तालाब पन्ना निर्धारित किया गया है। इस दौरान इन्हें जीवन निर्वाह भत्ता की पात्रता होगी। कलेक्टर श्री सिंह ने बताया कि महिला चिकित्सक और अन्य मानव संसाधन उपलब्ध कराने के लिए आवश्यक कार्यवाही की जाएगी। उन्होंने भ्रमण के दौरान अस्पताल ब्लॉक में बनने वाले क्रिटिकल केयर यूनिट के स्थल का मुआयना भी किया।

आदिवासियों एवं वंचित-शोषित तबकों को इंसाफ़ दिलाने आख़िरी सांस तक संघर्ष जारी रखूंगा : राजा पटैरिया

0
पन्ना जिले की पवई विधानसभा अंतर्गत सिहारन ग्राम में विश्व आदिवासी दिवस के उपलक्ष्य पर आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए पूर्व मंत्री राजा पटैरिया।

*      पन्ना जिले के सिहारन में विश्व आदिवासी दिवस पर आयोजित हुआ वृहद कार्यक्रम

*      मणिपुर में जारी हिंसा के मृतकों को मौन धारण की दी गई श्रद्धांजलि

शादिक खान, पन्ना। (www.radarnews.in) मध्यप्रदेश के बुंदेलखंड अंचल में पन्ना जिले की रैपुरा तहसील क्षेत्र के सिहारन ग्राम में विश्व आदिवासी दिवस पर वृहद कार्यक्रम का आयोजन किया गया। आदिवासी वनवासी, दलित, अल्पसंख्यक महासंघ मध्यप्रदेश द्वारा तत्वाधान में आयोजित इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में क्षेत्र के लोग शामिल हुए। कार्यक्रम का शुभारंभ परंपरनुसार आदिवासी समुदाय के आराध्य बड़ा देव पूजन से हुआ। तदुपरांत महापुरषों का पुण्य स्मरण करते हुए महात्मा गांधी, बाबा साहब भीमराव आंबेडकर, बिरसा मुंडा, तात्या टोपे, रघुनाथ शाह, शंकर शाह, टंट्या मामा और रानी दुर्गावती को नमन कर पुष्पांजलि अर्पित की गई। इस अवसर पर प्रेम सिंह द्वारा बड़ा देव की सुमरनीय का गायन की भावपूर्ण प्रस्तुति दी गई। कार्यक्रम के अगले चरण में आदिवासियों की स्थानीय समस्याओं और उनके निराकरण हेतु गांधीवादी तरीके से प्रदर्शन, जेल भरो, आंदोलन का रास्ता अपनाएं जाने पर जोर दिया। समागम में तीन से चार हजार जनमानस ने जोश-खरोश से हिस्सा लिया। संगठन पूरे बुंदेलखंड में और विशेषकर पवई विधानसभा क्षेत्र में पूर्व मंत्री राजा पटेरिया पंद्रह वर्षों से इस तरह वनवासियों को जागृत करने के लिए धरना-प्रदर्शन, सभाओं के माध्यम से सतत संघर्ष करते चले आ रहे हैं। आदिवासी भी उनके समर्पण भाव के कारण उनके प्रति समर्पित दिखे।

आदिवासियों के योगदान पर प्रकाश डाला

कार्यक्रम के दौरान संविधान सभा में आदिवासियों के लिए संघर्ष करने वाले जयपाल मुंडा बिहार, रामप्रसाद पोटाई मध्यप्रदेश जो प्रख्यात गांधीवादी थे, संविधान निर्माण में उनके विशेष योगदान पर प्रकाश डाला गया। समागम में प्रमुख रूप से राजा पटैरिया, श्रीमती बकुल राजे पटैरिया, आनंद मोहन संयोजक, जगदेव सिंह, अनीस खान, लखन लोधी, मनीषा मरावी, सरदार सिंह, अर्जुन दादा, प्रेम सिंह, साहब सिंह मरावी, नित्यपाल सिंह बरकड़े, रामचरण सिंह मरावी, धन सिंह मरावी,ध्यान सिंह गुड्डा भैया, श्रीमती जीरा बाई पटेल, महेश अग्रवाल, मुकेश चौरसिया, दीपेश (मोनू) ने अपने-अपने अपने अपने विचार रखे। इस दौरान आदिवासी बाहुल्य वन क्षेत्र की समस्याओं को प्रमुखता से उठाया गया। क्षेत्र में विगत 10 माह से ट्रांसफार्मर जले पड़े रहते हैं, राशन कभी-कभार बांटा जाता है, हैण्डपम्प बरसों से बंद हैं, शासकीय सुविधा नाम मात्र की ही मिलती है, जंगल विभाग और पुलिस विभाग व प्रशासन के शोषण की बातें चर्चा के केंद्र में रहीं। क्षेत्र में दो-दो मंत्री रहे, पर वनवासियों के शोषण में तब और आज भी कोई कसर नहीं रही। मुख्य बात वनवासियों ने बताई कि प्रशासन किसी का भी रहा हो, हमारी दशा जस की तस है।

अन्याय के खिलाफ संघर्ष में जेल जाने का डर नहीं – पटैरिया

सिहारन ग्राम विश्व आदिवासी दिवस को गौरव दिवस के रूप में मनाया गया। कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में पूर्व मंत्री राजा पटैरिया शामिल हुए। इस अवसर पर गांधीवादी-समाजवादी-आंबेडकरवादी नेता एवं प्रखर वक्ता राजा पटैरिया ने वर्तमान में मध्यप्रदेश, मणिपुर सहित देश के दूसरे राज्यों में आदिवासी समाज के लोगों के खिलाफ बढ़ती हिंसा, उत्पीड़न और शोषण की हैरान करने वाली घटनाओं के सामने पर गहरी चिंता व्यक्त की। उन्होंने आदिवासियों समेत अन्य कमजोर तबकों के खिलाफ फैलाई जा नफरत और हिंसा की प्रभावी रोकथाम को लेकर राज्य एवं केन्द्र सरकार की नाकामी करार दिया। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि, सत्ताधारी दल की विभाजनकारी राजनीति के कारण आज देश के कई हिस्से जल रहे है। वरिष्ठ कांग्रेस नेता राजा पटैरिया ने जोर देते उपस्थित जनसमुदाय को भरोसा दिलाया कि शोषित वर्गों विशेष कर आदिवासी, दलित और अल्पसंख्यकों के विरुद्ध हो रहे अन्याय के खिलाफ उनका संघर्ष गांधीवादी तरीके से आखिरी साँस तक जारी रहेगा। इसके लिए मुझे चाहे जितनी बार जेल जाना पड़े, मैं संघर्ष पथ पर आगे बढ़ता रहूँगा। पटैरिया की इस वैचारिक प्रतिबद्धता को सुनकर उपस्थित जनसमुदाय ने भारी हर्ष ध्वनि से स्वागत करते हुए इस संघर्ष में हर क़दम पर उनका साथ देने के नारे लगाए।

कार्यक्रम में इनकी रही उपस्थिति

सिहारन ग्राम में विश्व आदिवासी दिवस के उपलक्ष्य पर आयोजित कार्यक्रम में आदिवासी बाहुल्य कोठी पठार के सैंकड़ों लोग शामिल हुए।
कार्यक्रम का आभार साजन सिंह (दमुईया) के द्वारा किया गया। कार्यक्रम में प्रमुख रूप से गुमान सिंह यादव, रोशन लोधी, श्रीमती वेदांत आदिवासी पत्नी स्वर्गीय विश्राम सिंह, नित्य पाल सिंह बड़करे सरपंच, तेजीलाल लाल वंशकार, सरदार सिंह बुंदेला, रजनीश सेन, भूरा सिंह, सुखेश कुमार जैन, रज्जू महाराज पिपरिया, डॉक्टर खान पिपरिया, नबी मोहम्मद, वंशगोपाल राजपूत, केसरी अहिरवार, शिवलाल सेन, सुरेंद्र सेन, सुंदर सिंह, राजा जी बुंदेला, रतन सिंह, गोरेलाल मुर्ता, मोहन सिंह धुर्वे, प्रेम सिंह धुर्वे, दशरथ सिंह, ज्ञानी सिंह, मोहन सिंह धुर्वे, अजय धुर्वे, अम्मू सिंह, डीलन सिंह, संतोष सिंह, हुकुम सिंह, कोमल सिंह, गोपी सेन, महेंद्र सिंह बुंदेला, राम जी गोटिया, रामचरण मरावी, मोहन धुर्वे, धन सिंह जनपद सदस्य, रम्मू सिंह, गोपाल सिंह, प्रेम सिंह, देवराज सिंह मरावी, नरपत सिंह, मनोहर सिंह, हरि सिंह मरावी, मानक लाल सिंह, संतोष सिंह, चिंटू सिंह, अनंतराम सिंह, साहब सिंह, बरार सिंह, धन सिंह पूर्व सरपंच, अर्जुन सिंह, लखन सिंह, सुरेश बंसल, श्रीमती सुषमा रानी, मक्की पाल, श्रीमती केसररानी सरायखेड़ा, श्रीमती जनकरानी, तिलक रानी खोखलिया, श्रीमती लक्ष्मी रानी,गुलाब रानी, श्रीमती हुकुमरानी, श्रीमती अनीतारानी, श्रीमती हल्की, श्रीमती कल्लूबाई, श्रीमती खिलौनाबाई, खुशबू आदिवासी, श्रीमति हीरा आदिवासी, श्रीमती तुलसा, श्रीमती बाई, श्रीमती सुनील बाई सहित सैंकड़ों की संख्या में क्षेत्र के लोग उपस्थित रहे।

“भाजपा कार्यकर्ता आधारित राजनैतिक दल, किसी एक परिवार विशेष की पार्टी नहीं है” : हितानंद शर्मा

0
पन्ना विधानसभा के कार्यकर्ता सम्मेलन मंचासीन भाजपा नेतागण।

*      प्रदेश संगठन महामंत्री ने पन्ना विधानसभा के कार्यकर्ता सम्मेलन को किया संबोधित

शादिक खान, पन्ना। (www.radarnews.in) भारतीय जनता पार्टी किसी एक परिवार विशेष का दल नहीं बल्कि एक कार्यकर्ता आधारित राजनैतिक दल है, क्योकिं हमारे यहाँ कार्यकर्ता ही संगठन की जान और पहचान होती है। कार्यकर्ता के परिश्रम के बल पर हमें चुनावों में विजयी मिलती हैं। जिस तरह जीत के लिए एक-एक सीट महत्वपूर्ण होती हैं, ठीक उसी तरह एक-एक बूथ हमारे लिए महत्वपूर्ण है। हमारा हर बूथ मजबूत हो इसके लिए हमें मिलकर पार्टी के कामों को नीचे तक ठीक ढंग से क्रियान्वयन करना है। कार्यकर्ता जीतेंगे, बूथ-जीतेंगी भाजपा के संकल्प के साथ नीचे जाएँ और पार्टी के विजय अभियान में जुटें। यह बात भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश संगठन महामंत्री हितानंद शर्मा ने गुरुवार को मध्यप्रदेश के पन्ना जिला मुख्यालय में कही। वे यहां पन्ना विधानसभा के क्षेत्र के भाजपा कार्यकर्ता सम्मेलन को सम्बोधित कर रहे थे।

हर घर भाजपा के अभियान को पूरा करें

सम्मलेन में उपस्थित पन्ना विधानसभा के भाजपा के कार्यकर्ता एवं पदाधिकारी।
श्री हितानंद ने कहा कि हमारे पूर्वजों के बलिदान और त्याग के कारण आज भाजपा का विराट विस्तार हुआ है। 20 सदस्यों वाली भाजपा आज 20 करोड़ तक पहुंच चुकी है। भारत ही नहीं दुनिया का सबसे बड़ा कार्यकर्ता आधारित राजनैतिक दल अगर कोई है तो वह भारतीय जनता पार्टी है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा के नेतृत्व में हर घर भाजपा का अभियान चल रहा है, इस अभियान के माध्यम से हमें हर घर तक पहुंचना है। प्रदेश संगठन महामंत्री ने कहा कि पहले मंडल और बूथ कमेटी तक काम करते थे अब हम पन्ना समिति की ओर आगे बढ़ रहे हैं। पन्ना समिति में 5 लोग पदाधिकारी बनाने हैं। एक पन्ने पर 6 परिवार के लगभग मतदाता रहते है, इन 6 परिवारों के बीच हमें एक-एक कार्यकर्ता खड़ा करना है ताकि हर घर भाजपा का अभियान पूरा हो। कार्यक्रम को भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष और सागर संभाग प्रभारी मुकेश सिंह चतुर्वेदी ने भी संबोधित किया।

भाजपा सरकार में महिलाएं आत्मनिर्भर हुई –  बृजेन्द्र

पन्ना विधानसभा के कार्यकर्ता सम्मेलन को संबोधित करते हुए मंत्री बृजेन्द्र प्रताप सिंह।
मध्यप्रदेश सरकार के खनिज मंत्री एवं पन्ना विधायक बृजेन्द्र प्रताप सिंह ने सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ को साकार करने के लिए मोदी सरकार ने ऐसे कदम उठाए हैं, जिनसे बेटियां न सिर्फ बच रही हैं बल्कि पढ़ भी रही हैं और आगे बढ़ भी रही हैं। आज देश की सशस्त्र सेनाओं से लेकर हर क्षेत्र में बेटियां बराबरी से काम कर रही हैं। जिन हितग्राहियों को मुद्रा लोन दिये गए हैं, उनमें 7 प्रतिशत बेटियां ही हैं। भाजपा सरकार बेटी के पैदा होने से लेकर उसकी पढ़ाई लिखाई और उसकी शादी से लेकर उसके परिवार चलाने तक की चिंता कर रही है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने लाड़ली बहना योजना के माध्यम से बहनों को आत्मनिर्भर बनाया हैं। पर हमने और हमारी सरकार ने जिले के विकास में कोई कसर नहीं छोड़ी है और आगे भी हम विकास यूं ही करते रहेंगे।

इनकी रही मौजूदगी

कार्यक्रम में मंच में मुख्य रूप से भाजपा जिलाध्यक्ष राम बिहारी चौरसिया पन्ना जिला प्रभारी उमेश शुक्ला जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती मीना राजे नगर पालिका अध्यक्ष श्रीमती मीना पाण्डेय, अजयगढ़ नगर परिषद अध्यक्ष श्रीमती सीता गुप्ता, श्रीमती आशा गुप्ता, नगर पालिका विधायक प्रतिनिधि विष्णु पाण्डेय, जिला पंचायत उपाध्यक्ष संतोष यादव, श्रीमान बबलू पाठक, जय प्रकाश चतुर्वेदी, आशीष तिवारी, श्रीमती चंद्रप्रभा तिवारी और पन्ना विधानसभा में निवासरत सभी जिला पदाधिकारी प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य उपस्थित थे। इस अवसर पर कार्यक्रम का सफल संचालन महामंत्री विवेक मिश्रा ने किया तथा आभार प्रदर्शन विधानसभा प्रभारी उमेश निगम ने किया ।

पूर्व मंत्री महदेले की अनुपस्थिति की रही चर्चा

पूर्व मंत्री एवं वरिष्ठ भाजपा नेत्री कुसुम सिंह महदेले।
भारतीय जनता पार्टी की पिछड़े वर्ग की कद्दावर नेत्री एवं पूर्व मंत्री सुश्री कुसुम सिंह महदेले की कार्यकर्ता सम्मलेन में अनुपस्थिति पार्टीजनों के बीच चर्चा का विषय रही। लंबे समय तक पन्ना विधानसभा क्षेत्र का सफलतापूर्वक प्रतिनिधित्व करते हुए पन्ना सीट को भाजपा का मजबूत किला बनाने वालीं महदेले की अनुपस्थिति को लेकर पार्टी कार्यकर्ता आपस में चर्चा करते रहे। बता दें कि, विधानसभा स्तरीय कार्यकर्ता सम्मलेन में मंचासीन होने वालों की सूची में पूर्व मंत्री महदेले का नाम शामिल था और मंच पर उनकी सीट भी आरक्षित थी लेकिन वे सम्मलेन में नहीं पहुंचीं। हालांकि उनके भाई आशुतोष सिंह महदेले पार्टी की प्रदेश कार्यसमिति सदस्य के तौर पर उपस्थित रहे। पूर्व मंत्री सुश्री कुसुम सिंह महदेले से कार्यक्रम में उनकी अनुपस्थिति के संबंध में पूंछने पर उन्होंने बताया कि पिछले पांच साल से लगातार संगठन द्वारा मेरी घोर उपेक्षा की गई, यह बात किसी से छिपी नहीं है। भाजपा की प्रदेश, जिला या मण्डल की कार्यसमिति की सदस्य भी मैं नहीं हूं तो फिर अब मुझे क्यों बुलाया जा रहा है?

टिकिट कटने के बाद से बरक़रार है दूरियां

उल्लेखनीय है कि, वर्ष 2018 के विधानसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी के शीर्ष नेतृत्व ने अंतिम समय में अप्रत्याशित निर्णय लेते हुए पन्ना सीट से कुसुम सिंह महदेले का टिकिट काटकर बृजेन्द्र प्रताप सिंह को प्रत्याशी घोषित किया था। जबकि पन्ना सीट से 2013 के विधानसभा चुनाव में भाजपा प्रत्याशी रहीं सुश्री महदेले ने जहां प्रंचड जीत दर्ज कराई थी, वहीं पवई सीट पर बृजेन्द्र प्रताप को करारी शिकस्त मिली थी। बड़ी जीत के बावजूद भाजपा संगठन ने महदेले का टिकिट काटकर पवई में पराजित हुए बृजेन्द्र प्रताप सिंह को 2018 में पन्ना सीट से चुनावी समर में उतारा था। पहले बिना किसी ठोस कारण टिकिट काटने फिर कोई दायित्व न सौंपे जाने से दिग्गज नेत्री महदेले की भाजपा संगठन से तल्खी और दूरियां बढ़ती चली गईं जोकि बरक़रार है। पन्ना सीट पर मजबूत जनाधार रखने वाली पूर्व मंत्री सुश्री महदेले की नाराज़गी आसन्न विधानसभा चुनाव के मद्देनज़र काफी मायने रखती है। 

भाजपा का विधानसभा स्तरीय कार्यकर्ता सम्मेलन आज पन्ना में

0
सांकेतिक चित्र।

*      प्रदेश संगठन महामंत्री हितानंद शर्मा एवं मंत्री बृजेन्द्र प्रताप सिंह सम्मलेन में होंगे शामिल

शादिक खान, पन्ना। (www.radarnews.in) भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश सह मीडिया प्रभारी आशीष तिवारी एडवोकेट ने प्रेस विज्ञप्ति जारी करते हुए बताया कि पार्टी द्वारा संपूर्ण मध्यप्रदेश में विधानसभा स्तर के कार्यकर्ता सम्मेलन आयोजित किए जा रहे हैं, इसी क्रम में पन्ना विधानसभा का कार्यकर्ता सम्मेलन गुरूवार 10 अगस्त 2023 को प्रातः 9 बजे से छत्रसाल पार्क के सामने फल सब्जी मंडी प्रांगण में आयोजित किया गया है। इस सम्मलेन में भाजपा के प्रदेश संगठन महामंत्री हितानंद शर्मा एवं मध्य प्रदेश सरकार के खनिज मंत्री व पन्ना विधायक बृजेन्द्र प्रताप सिंह मुख्य अतिथि रूप में उपस्थित रहेंगे। भाजपा के पन्ना विधानसभा संयोजक उमेश निगम ने बताया कि, उक्त कार्यक्रम में विधानसभा में निवासरत पार्टी के पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि, वरिष्ठ कार्यकर्ता, बूथ समिति एवं पन्ना प्रमुख भी सम्मिलित होंगे। सम्मेलन के आयोजन को लेकर सभी तैयारियां पूर्ण कर ली गई है। भारतीय जनता पार्टी पन्ना जिला अध्यक्ष रामबिहारी चौरसिया ने पार्टी के समस्त कार्यकर्ताओं से अपील की है कि कार्यक्रम स्थल पर समय से पूर्व पहुंचकर कार्यक्रम को सफल बनाएं।

लोकायुक्त पुलिस टीम की बड़ी कार्रवाई, 18 हज़ार रुपये की रिश्वत लेते पटवारी व कम्प्यूटर ऑपरेटर को रंगे हाथ पकड़ा

0
रिश्वतखोर पटवारी और कम्प्यूटर ऑपरेटर (लाल घेरे में) को रंगे हाथ पकड़ने वाली लोकायुक्त पुलिस सागर की टीम।

*     3 गरीबों के BPL कार्ड बनवाने के एवज में मांगी थी रिश्वत

*     आवेदक का आरोप रैपुरा तहसील कार्यालय में चल रहा भ्रष्टाचार का बाज़ार

*     पन्ना जिले के सरकारी कार्यालयों में बगैर रिश्वत दिए आमजन के नहीं होते काम

शादिक खान, पन्ना। (www.radarnews.in) मध्यप्रदेश का अति पिछड़ा पन्ना जिला सरकारी अधिकारी-कर्मचारियों एवं सत्तासीनों का चारगाह बना हुआ है। यहां प्रशासनिक व्यवस्था में बेइंतहा भ्रष्टाचार और रिश्वतख़ोरी व्याप्त है। स्थिति यह है कि, शासकीय कार्यालयों में बगैर रिश्वत दिए आमआदमी का कोई काम नहीं होता है। जिले के सरकारी कार्यालयों में तैनात अधिकारी-कर्मचारी लोगों से न सिर्फ अधिकार पूर्वक खुलेआम रिश्वत की मांग कर रहे हैं बल्कि बेख़ौफ़ होकर रिश्वत ले रहे है। घूसखोरी से परेशान होकर लोग अब भ्रष्ट अधिकारी-कर्मचारी को सबक सिखाने के लिए लोकायुक्त पुलिस की मदद ले रहे है। ऐसा ही एक प्रकरण आज पन्ना जिले के रैपुरा क़स्बा में सामने आया है, जहां लोकायुक्त पुलिस सागर की टीम ने 18 हजार रुपए की रिश्वत लेते हुए पटवारी व तहसील कार्यालय रैपुरा में पदस्थ कम्प्यूटर ऑपरेटर को रंगे हाथ पकड़ा है। तीन गरीब व्यक्तियों के गरीबी रेखा कार्ड (बीपीएल कार्ड) बनवाने के एवज में उनके अधिवक्ता से रिश्वत की मांग की गई थी। लोकायुक्त पुलिस ने इस मामले में आरोपियों के विरुद्ध भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की विभिन्न धाराओं के तहत प्रकरण पंजीबद्ध किया है। सुबह सरकारी ऑफिसों के खुलते ही रैपुरा से लोकायुक्त पुलिस की ट्रैप कार्रवाई की खबर आने के बाद से जिले के प्रशासनिक हलकों में दिनभर जबरदस्त हड़कंप मच रहा।

अधिवक्ता की शिकायत पर हुई कार्रवाई

रिश्वत की मांग संबंधी शिकायत लोकायुक्त पुलिस से करने वाले आवेदक उमेश कुमार प्रजापति एडवोकेट।
लोकायुक्त पुलिस टीम के प्रमुख बीएम द्विवेदी ने जानकारी देते हुए बताया कि गनेश लोधी, चेतराम लोधी, रायचंद लोधी ने अपना गरीबी रेखा कार्ड (बीपीएल कार्ड) बनवाने के लिए उमेश कुमार प्रजापति एडवोकेट के माध्यम से आवेदन पत्र तहसील कार्यालय रैपुरा में प्रस्तुत किया था। इस संबंध उमेश कुमार ने जब रैपुरा सदर पटवारी रामअवतार वर्मा से सम्पर्क किया तो उनके द्वारा प्रत्येक आवेदक के 8,000/- (आठ हजार) रुपए के हिसाब से कुल 24,000/- (चौबीस हजार) रुपए रिश्वत की मांग की गई। बाद में चर्चा उपरांत 7,000/- (सात हजार) रुपए के हिसाब से तीनों बीपीएल कार्ड के कुल 21,000/- (इक्कीस हजार) रुपए की जगह 2,0000 (बीस हजार) रुपए की राशि देना तय हुआ। उमेश कुमार ने कुछ दिन पूर्व रिश्वत की पहली किश्त के रूप में पटवारी को 2000/- (दो हजार) रुपए दिए। और फिर रिश्वत की अनुचित मांग से परेशान होकर लोकायुक्त पुलिस अधीक्षक सागर के कार्यालय में लिखित शिकायत की गई।

पटवारी के कहने पर रिश्वत की रकम कम्प्यूटर को दी

18 हजार रुपए की रिश्वत लेते रंगे हाथ पकड़े गए रैपुरा तहसील के पटवारी और कम्प्यूटर ऑपरेटर।
शिकायत की तस्दीक करने के पश्चात लोकायुक्त पुलिस टीम द्वारा आवेदक के साथ मिलकर घूसखोर पटवारी को पकड़ने का फुलप्रूफ प्लान तैयार किया गया। प्लान के मुताबिक आज सुबह करीब साढ़े दस बजे एडवोकेट उमेश कुमार प्रजापति रिश्वत की शेष राशि लेकर पटवारी के आवास पहुंचे, जहां उन्होंने पूर्व चर्चा अनुसार रिश्वत की राशि पटवारी रामअवतार वर्मा को देने के लिए उनकी ओर हाथ बढ़ाया तो पटवारी द्वारा उक्त राशि वहां मौजूद भागीरथ सेन कंप्यूटर ऑपरेटर को देने के लिए कहा गया। भागीरथ सेन ने उमेश से जैसे ही अपने हाथ में रुपए लिए तभी वहां लोकायुक्त पुलिस टीम ने दबिश देकर उसे और पटवारी को रंगे गिरफ्तार कर लिया।

हर काम का फिक्स है दाम

फाइल फोटो।
रैपुरा में सुबह-सुबह लोकायुक्त पुलिस द्वारा की गई ट्रैप कार्रवाई की खबर कुछ ही देर में जंगल की आग की तरह पूरे क़स्बा में फ़ैल गई। देखते ही देखते पटवारी आवास के बाहर लोगों की भीड़ जमा हो गई। आवेदक उमेश कुमार ने स्थानीय पत्रकारों से चर्चा में बताया कि, रैपुरा तहसील कार्यालय में भ्रष्टाचार का बाजार सजा हुआ है। अपात्रों से रिश्वत लेकर उनके बीपीएल कार्ड बनाने का धंधा तहसील में लंबे समय से जोरों पर चल रहा है। इस कारण रिश्वत देने में असमर्थ वास्तविक गरीब व्यक्तियों के नाम बीपीएल सूची में नहीं जुड़ पा रहे हैं। उमेश का आरोप है कि रैपुरा तहसील में बगैर रिश्वत दिए आमआदमी का कोई काम नहीं होता है, यहां हर काम का दाम फ़िक्स है।

गौरव पर्व के रूप में मनाया जायेगा आदिवासी दिवस, पन्ना जिले के सिहारन में 9 अगस्त को होगा वृहद आयोजन

0
सांकेतिक चित्र।

   भयावय वर्तमान से मुक्ति पाने गौरवशाली अतीत को पुनः स्थापित करने होगा संघर्ष : जगदेव सिंह

शादिक खान, पन्ना। (www.radarnews.in) मध्यप्रदेश के बुंदेलखंड अंचल के पन्ना जिले की रैपुरा तहसील अंतर्गत सिहारन ग्राम में आगामी 9 अगस्त 2023 बुधवार को विश्व आदिवासी दिवस के उपलक्ष्य पर आदिवासी समुदाय के लोगों का विशाल जमावड़ा होने जा रहा है। जिसकी तैयारियां वृहद स्तर पर चल रहीं है। आदिवासी-वनवासी, दलित, अल्पसंख्यक महासंघ मध्यप्रदेश के तत्वाधान में आयोजित होने वाले इस कार्यक्रम को “गौरव पर्व” का नाम दिया गया है। इस कार्यक्रम में पन्ना जिले के पवई विधानसभा क्षेत्र के सैकड़ों आदिवासी भाई-बहनों के सम्मलित होने की बात आयोजकों द्वारा कही जा रही है। विश्व आदिवासी दिवस का आयोजन इस बार ऐसे समय पर हो रहा है जब मध्यप्रदेश एवं भीषण हिंसाग्रस्त सीमावर्ती राज्य मणिपुर सहित देश के अन्य हिस्सों से आदिवासी समुदाय लोगों के साथ तेज़ी से बढ़ती अमानवीयता, बर्बरता, यौन हिंसा, शोषण, अन्याय, अत्याचार, भेदभाव से जुड़ीं शर्मसार करने और दिल-दहलाने वाली घटनाओं के सामने आने पर लोगों में सत्तासीनों की भूमिका को लेकर लोगों में जबरदस्त आक्रोश व्याप्त है।
आदिवासी-वनवासी, दलित, अल्पसंख्यक महासंघ विगत 20 वर्षों से आदिवासियों सहित समाज के कमजोर वर्गों के हक अधिकारियों के लिए अनवरत संघर्ष कर रहा है। लेकिन वर्तमान परिस्थितियों के मद्देनजर महासंघ का मानना है कि समाज के सभी वर्गों से आदिवासी समाज के साथ खड़े होकर एकजुटता दिखाने की जरुरत है। ताकि सामाजिक एकता का ताना-बाना मजबूत हो साथ ही आदिवासियों के खिलाफ हो रहे ज़ुल्म को नजरअंदाज करने वालों में कड़ा सन्देश जाए। यही कारण है कि इस बार विश्व आदिवासी दिवस पर ‘‘जन पंचायत व ‘शपथ समाराहो” आयोजित किया जा रहा है।
हक़-अधिकार और सम्मान के लिए जारी रहेगा संघर्ष
आदिवासी-वनवासी, दलित, अल्पसंख्यक महासंघ पन्ना जिलाध्यक्ष जगदेव सिंह खज्जू राजा।
आदिवासी-वनवासी, दलित, अल्पसंख्यक महासंघ पन्ना के जिलाध्यक्ष जगदेव सिंह खज्जू राजा ने कहा कि भयावय वर्तमान से मुक्ति पाने गौरवशाली अतीत को पुनः स्थापित करने के लिए समाज के महापुरुषों से प्रेरणा लेकर संघर्ष किया जायेगा। उन्होंने बताया कि जिले के रैपुरा तहसील के सिहांरन ग्राम में महासंघ के तत्वाधान में विश्व आदिवासी दिवस पर बुधवार 9 अगस्त 2023, बुधवार प्रातः 11 बजे से सायं 6 बजे तक आयोजित होने वाले विशाल कार्यक्रम से आदिवासी गौरव की पुनर्स्थापना के संघर्ष का शंखनाद किया जाएगा। कार्यक्रम में ‘‘जन पंचायत’’ व ‘‘शपथ ग्रहण समारोह’’ का भी आयोजन होगा। उन्होंने बताया कि इस कार्यक्रम का उद्देश्य पूरे वर्ष आदिवासी-वनवासी भाईयों को अपने हकों को पाने और अपने ऊपर होने वाले शोषण, अत्याचारों को रोकने, गांधीवादी तरीकों से लड़ने के लिए जागृत करना है। साथ ही साथ बड़ा देव की शपथ लेकर आगे भी संगठन को मजबूत करने और संविधान के तहत प्राप्त अधिकारो को पाने के लिए लोकतान्त्रिक तरीके से संघर्ष की प्रतिबद्धता जाहिर की जाएगी।

मणिपुर हिंसा के मृतकों को दी जाएगी श्रद्धांजलि

उल्लेखनीय है कि, वर्ष 2006 से आदिवासी-वनवासी, दलित, अल्पसंख्यक महासंघ लगातार जन जागरण, धरना, प्रदर्शन, आम सभाऐं, गिफ्तारी देने के कार्यक्रम करता आया है। आगे संगठन आदिवासी भाईयों को वनाधिकार अधिनियम के तहत जो सन 2005 के पहले से वन भूमि पर काबिज है, उन सभी को पट्टा दिलाने, शासन द्वारा प्रदत्त सभी सुविधायें उन तक पहुँचे, आदिवासियों पर अत्याचार बंद हो आदि ज्वलंत मुद्दों पर सिहारन के कार्यक्रम में चर्चा की जाएगी। संगठन द्वारा तय किया गया कि बड़ा देव पूजन, शपथ ग्रहण पश्चात मणिपुर में मृत हुए आदिवासी भाई-बहनों को श्रद्धांजली दी जाएगी।
कार्यक्रम की अगली कड़ी में रोजमर्रा की समस्याओं पर चर्चा, भोजन प्रसाद ग्रहण एवं आभार प्रदर्शन उपरांत कार्यक्रम का समापन किया जाएगा। जगदेव सिंह खज्जू राजा ने जानकारी देते हुए बताया कि, विश्व आदिवासी दिवस पर आयोजित होने वाले गौरव पर्व में आदिवासी-वनवासी, दलित, अल्पसंख्यक महासंघ के संरक्षक एवं पूर्व मंत्री राजा पटैरिया, संयोजक आनंद मोहन पटैरिया, प्रवक्ता अनीस खान, विधानसभा अध्यक्ष पवई अजय सिंह मरकाम सहित समस्त पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहेंगे।

कांग्रेस की “कृषक न्याय योजना” से मध्यप्रदेश के किसानों के जीवन में आएगी खुशहाली : शिवजीत सिंह

0
प्रेस कांफ्रेंस में कांग्रेस पार्टी की कृषक न्याय योजना के संबंध में जानकारी देते पन्ना जिला कांग्रेस अध्यक्ष शिवजीत सिंह।

*      एमपी में कांग्रेस सरकार बनने पर “कृषक न्याय योजना” के तहत किसानों को मिलेंगीं पांच बड़ी सौगात

*      जिला कांग्रेस अध्यक्ष पन्ना ने प्रेस वार्ता कर योजना के संबंध में दी विस्तृत जानकारी

*      सिंचाई के लिए 5 हॉर्स पावर तक के स्थाई एवं अस्थाई पम्प कनेक्शन पर मुफ्त मिलेगी बिजली

*      मध्य प्रदेश के किसानों का कर्ज माफ़ किया जाएगा

*      किसानों पर लगाए गए अन्यायपूर्ण मुकदमे वापस लिए जाएंगे

*      किसानों के कृषि उपयोग के पुराने बिजली बिल की बकाया राशि माफ़ की जाएगी

शादिक खान, पन्ना। (www.radarnews.in) मध्यप्रदेश में तीन माह बाद होने वाले विधानसभा चुनाव के मद्देनजर कांग्रेस पार्टी के प्रदेशाध्यक्ष कमलनाथ ने नारी सम्मान योजना के बाद अब किसानों के कल्याण के लिए “कृषक न्याय योजना” की घोषणा की है। आगामी विधानसभा चुनाव में कांग्रेस पार्टी की सरकार बनने पर प्रदेश के किसानों को कृषक न्याय योजना के तहत पांच बड़ी सौगातें दी जाएगी। कृषक न्याय योजना से मध्यप्रदेश के अन्नदाता किसानों के जीवन में वास्तविक खुशहाली और समृद्धि आएगी। यह बात पन्ना जिला कांग्रेस अध्यक्ष शिवजीत सिंह भइया राजा ने प्रेस वार्ता में कही। उन्होंने शनिवार 5 अगस्त 2023 को अपने निवास पर पत्रकारों से चर्चा करते हुए कांग्रेस पार्टी की किसान हितैषी घोषणाओं के संबंध में विस्तारपूर्वक जानकारी दी। साथ ही प्रदेश में पिछले 18 साल से सत्ता में काबिज के भारतीय जनता पार्टी सरकार को किसानों की बदहाली के लिए जिम्मेदार ठहराते हुए जमकर हमला बोला।
जिला कांग्रेस अध्यक्ष पन्ना शिवजीत ने बताया कि कृषक न्याय योजना के अंतर्गत किसानों को सिंचाई के लिए पांच हार्स पावर तक के स्थाई एवं अस्थाई पंप पर निःशुल्क बिजली प्रदान की जाएगी। अन्नदाता किसान कर्ज के बोझ से मुक्त हो और सम्मान के साथ सिर पर पगड़ी धारण कर सके, इसके लिए किसानों का कर्ज माफ़ किया जाएगा। शिवराज सरकार में व्याप्त अन्याय-अत्याचार का विरोध करने, कथित विधुत चोरी, उपज के विक्रय एवं खाद-बीज की कमी को लेकर विरोध-प्रदर्शन करने वाले किसानों के विरुद्ध दर्ज किए गए आपराधिक प्रकरण की समीक्षा कर मुकदमों को वापस लिया जाएगा। इसके अलावा किसानों के कृषि उपयोग के पुराने बिजली बिल की बकाया राशि माफ़ की जायेगी। किसानों को 12 घण्टे निर्बाध गुणवत्तापूर्ण बिजली उपलब्ध कराई जाएगी। कृषि की बढ़ती लागत और डीज़ल के आसमान छूते दामों को देखते हुए किसानों को राहत देने के लिए कांग्रेस पार्टी कृषक न्याय योजना को प्रदेश में लागू करने के लिये वचनबद्ध है।

बोनस बंद किया, समर्थन मूल्य भी नहीं बढ़ाया

फाइल फोटो।
श्री सिंह ने बताया, मध्य प्रदेश का किसान और आमजन महंगे बिजली बिल की वसूली और भारी बिजली कटौती से त्रस्त है। प्रदेश के गांवों में 10-10 घंटे अघोषित बिजली कटौती हो रही है। शिवराज जी ने मध्यप्रदेश को अंधकार युग में धकेल दिया है। मध्य प्रदेश की अर्थव्यवस्था और समाज-व्यवस्था खेती पर टिकी है, जिसका आधार स्तंभ हमारे किसान भाई हैं। लेकिन किसान भाइयों का सम्मान करने के बजाय शिवराज सरकार ने 18 साल में किसानों के साथ अन्याय किया है। किसानों को एमएसपी पर दिया जाने वाला बोनस बंद कर दिया है। शिवराज सरकार ने किसानों को परेशान करने में कोई नहीं छोड़ी है। जब खाद की आवश्यकता होती तो किसान को याद नहीं मिलता, जब बीज की जरूरत होती है तो बीज नहीं मिलता और जब फसल पक कर तैयार होता है तो उसे बेचने केलिए सही न्यूनतम समर्थन मूल्य नहीं मिलता। वहीं समर्थन मूल्य बढ़ाने का शिवराज सरकार कोई प्रयास नहीं करना और मौन धारण करके बैठ जाती है।

किसानों की आमदनी दोगुनी करने का दावा झूठा

पन्ना जिला कांग्रेस अध्यक्ष ने प्रदेश के मुख्यमंत्री पर झूठे दावे करने का आरोप लगाते हुए बताया कि, शिवराज सिंह चौहान ने प्रधानमंत्री के सामने सेवा के कार्यक्रम में घोषणा कर दी कि मध्य प्रदेश में किसानों की आमदनी दुगनी से अधिक हो गई है, जबकि सच्चाई यह है कि मध्य प्रदेश में किसानों की आमदनी पहले से और कम हो गई है। वर्ष 2015-16 में जो आमदनी 0740 रूपये प्रति माह थी, वह घटकर 39346 रुपये प्रति माह रह गई है। देश के सभी बड़े राज्यों में आमदनी मामले में भव्य प्रदेश के किसान बहुत नीचे हैं। खेती की लागत कम करने के लिए बहुत जरूरी है कि किसानों को फायदा पहुंचाया जाए और उन्हें मुफ्त बिजली दी जाए। कांग्रेस सरकार द्वारा पांच हॉर्स पावर के सिंचाई कनेक्शन पर बिजली मुफ्त देने से प्रदेश के करीब 37 लाख किसानों को प्रत्यक्ष लाभ मिलेगा। शिवराज सरकार ने हमेशा किसान विरोधी रुख अपनाया है। मध्य प्रदेश में भाजपा राज में 20489 किसानों के आत्महत्या की है। एक तरफ शिवराज सरकार किसान सम्मान निधि की बात करती तो दूसरी तरफ प्रदेश के लाखों किसानों को जानबूझकर अपात्र घोषित कर उन्हें रिकवरी के नोटिस दिए गए है। किसानों को फसल बीमा की राशि समय पर नहीं मिल रही है।

किसान विरोधी है शिवराज और मोदी सरकार

प्रेसवार्ता के दौरान शिवजीत ने मंदसौर गोलीकांड एवं किसान विरोधी काले कानूनों का मुद्दा उठाते हुए डबल इंजन सरकार पर जमकर हमला बोला। आपने याद दिलाया कि शिवराज सरकार ने 2017 में मंदसौर में किसानों पर गोली चलाई थी। लेकिन अपने किसान विरोधी स्वरूप का परिचय देते हुए शिवराज सरकार में आज तक मंदसौर गोलीकांड की जांच रिपोर्ट विधानसभा के पटल पर नहीं रखी है। जब केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार ने तीन काले कृषि कानून बनाए तो शिवराज सरकार में उसका पूरा समर्थन किया। इन तीनों काले कानूनों का मकसद किसानों की जमीन कुछ पूंजीपतियों के हाथ में पहुंचाना था। इन कानूनों का विरोध करने में 700 से अधिक किसानों की मृत्यु हो गई। इन किसानों की हत्या के लिए भाजपा सरकार जिम्मेदार है।

कांग्रेस किसानों के जीवन में सुखद बदलाव लाने संकल्पित

फाइल फोटो।
पन्ना जिला कांग्रेस अध्यक्ष शिवजीत सिंह ने आरोप लगाते हुए कहा कि, किसानों को बाढ़, अतिवृष्टि और ओलावृष्टि सहित कई तरह की प्राकृतिक आपदाओं से होने वाले नुकसान का मुआवजा भी शिवराज सरकार ने सही समय पर नहीं दिया है। इन हालात को बदलने के लिए कांग्रेस पार्टी कृत संकल्पित है। आपने कहा कि, हम किसानों को मुफ्त बिजली देंगे, हम किसानों का कर्ज माफ करेंगे, हम किसानों को सही समय पर और सही मूल्य पर खाद और बीज उपलब्ध कराएंगे। उन्हें न्यायोचित न्यूनतम समर्थन मूल्य समय पर उपलब्ध कराएंगे। इस तरह कांग्रेस सरकार मध्यप्रदेश के किसान को मुसीबत से खुशहाली की तरफ ले जाएगी और मध्य प्रदेश के किसान की आमदनी देश के समृद्ध राज्यों के किसानों से मुकाबला करेगी। कांग्रेस पार्टी किसान एवं समाज के सभी वर्गों का कल्याण करने के लिए संकल्पित है। प्रेस वार्ता में मध्यप्रदेश कांग्रेस की नवनियुक्त महामंत्री श्रीमती शारदा पाठक, जिला संगठन मंत्री पवन जैन, युवा नेता मनोज केशरवानी, मुरारी लाल थापक एवं राकेश शर्मा उपस्थित रहे।