शादिक खान, पन्ना। (www.radarnews.in) मध्य प्रदेश के पन्ना में ठेकेदार के घर हुई लाखों की चोरी के मामले में अब नया मोड़ सामने आया है। पकड़े जाने के डर से अज्ञात चोर चुराई गई बंदूक व कारतूस को एक खेत की फेंसिंग में टांग गए। लेकिन नकदी रुपए, सोने-चांदी के आभूषण समेत अन्य सामान अपने साथ ले गए। सूचना पर पहुंची पुलिस एवं फोरेंसिक टीम ने मौके से साक्ष्य जुटाने के बाद बंदूक को बरामद कर लिया। चोरी की सनसनीखेज वारदात के 5 दिन बाद अज्ञात शातिर चोरों को गिरफ्तार करना तो दूर पुलिस अभी तक उनका सुराग नहीं लगा सकी। इस घटना ने बाद से ककरहटी चौकी क्षेत्र के वाशिंदे अत्यंत ही चिंतित और भयभीत है। दरअसल, लोगों को यह भय सता रहा है कि, शातिर चोर अपना अगला निशाना उन्हें बन सकते हैं। इस डर के कारण लोगों का दिन का चैन और रात की नींद गायब है।
जिले के देवेंद्रनगर थाना क्षेत्र अंतर्गत आने वाले देवरीगढ़ी ग्राम में शनिवार 5 अप्रैल 2025 की देर रात लगभग 1 से ढाई बजे के बीच अज्ञात चोर ठेकेदार जीतेन्द्र सिंह यादव के घर से नकदी रुपए, सोने-चांदी के गहने, लाइसेंसी राइफल मय छह कारतूस समेत कुल 15 लाख रुपए का सामान चुरा ले गए थे। चोरी की वारदात को देर रात अज्ञात बदमाशों ने जिस वक्त अंजाम दिया उस समय यादव परिवार के सदस्य अपने-अपने कमरों में गहरी नींद में सो रहे थे। महज डेढ़ घण्टे के अंदर अज्ञात बदमाश दो कमरों के ताले काटने के बाद अंदर रखी गोदरेज अलमारी का लॉक तोड़कर लगभग ढाई लाख रुपए नकद, सोने-चांदी के आभूषण, 315 बोर की लाइसेंसी राइफल, 3 सुटकेश और एक पेटी चुरा ले गए। लेकिन किसी को भी इसकी भनक तक नहीं लग सकी। रात्रि में ढाई बजे ठेकेदार जीतेन्द्र सिंह के छोटे भाई अर्जेंद्र सिंह यादव जब टॉयलेट जाने के लिए उठे तो घर के दरवाजे खुले देखकर दंग रह गए थे। उन्होंने आवाज लगाकर परिवार के अन्य सदस्यों को जगाया और फिर तुरंत ही घटना की सूचना पुलिस को दी थी।

पुलिस चोरों की तलाश में जुटी ही थी कि इस बीच मामले में मंगलवार 8 अप्रैल की सुबह उस समय नया मोड़ आ गया जब देवरगढ़ी गांव के बाहर ककरहटी-देवेन्द्रनगर मार्ग किनारे स्थित जगत सिंह यादव के खेत की फेंसिंग में चोरी हुई बंदूक टंगी मिली। ठेकेदार जीतेन्द्र सिंह यादव ने मौके पर पहुंचकर पुलिस को सूचना दी। थोड़ी ही देर में देवेंद्रनगर थाना प्रभारी, ककरहटी चौकी प्रभारी उप निरीक्षक रतिराम प्रजापति समेत पन्ना से फोरेंसिक टीम के सदस्य भी वहां पहुँच गए। माना जा रहा है कि पकड़े जाने के डर से अज्ञात चोर बंदूक छोड़ गए। फोरेंसिंक टीम ने स्थल से सावधानीपूर्वक फिंगर प्रिंट संकलित किए, डॉग स्कावड को स्थल निरीक्षण कराया गया साथ ही स्थल की वीडियोग्राफ़ी-फोटोग्राफी कर बंदूक को बरामद कर लिया।
ठेकेदार जीतेन्द्र सिंह ने बताया उनकी 315 बोर की लाइसेंसी बंदूक की मैगजीन में 3 कारतूस लोड थे और बट के कवर में 3 जिंदा कारतूस रखे थे। बंदूक की कीमत 2 लाख रुपए बताई जा रही है। लोगों का कहना है कि, अज्ञात चोर ज्यादा से ज्यादा कीमती सामान चुराने के चक्कर में ठेकेदार के घर से लाइसेंसी राइफल चुरा तो ले गए लेकिन पकड़े जाने के डर से उसे छोड़ गए। इसके पूर्व पुलिस ने ठेकदार के घर से चोरी हुए 3 सूटकेश व एक पेटी को घटना के चंद घंटे बाद नजदीक स्थित खेतों से बरामद किया था। सूटकेश व पेटी खाली थे और कुछ सामान जमीन पर बिखरा पड़ा था।
इनका कहना है-
‘साइबर सेल मदद से अज्ञात चोरों का सुराग लगाने के प्रयास जारी हैं साथ ही संदेही व्यक्तियों और पुराने चोरों से पूंछतांछ की जा रही है। चोरी के खुलासे के लिए हमारे प्रयास लगातार जारी है। मुखबिर तंत्र भी इस दिशा में पूरी तरह सक्रिय है। उम्मीद है हमें जल्द ही कामयाबी मिलेगी।’
– हरवचन कुड़ासे, थाना प्रभारी देवेन्द्रनगर।
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ठेकेदार के घर से नकदी, गहने और लाइसेंसी राइफल समेत 15 लाख की चोरी




कार्यक्रम का संचालन वरिष्ठ कवि साहित्यकार लक्ष्मी नारायण चिरोल्या ने किया। आभार प्रदर्शन कार्यक्रम के संयोजक मोहम्मद आजाद कादरी द्वारा किया गया। कार्यक्रम की आयोजक वार्ड क्रमांक-06 की पार्षद रहीसा बेगम रहीं। इस अवसर पर नगर परिषदअध्यक्ष प्रतिनिधि लल्लू गुप्ता ,पूर्व नगर परिषद अध्यक्ष संदीप विश्वकर्मा, हीरा लाल गुप्ता, बब्लू कुशवाहा, राकेश गर्ग एडवोकेट, नारायण दास रजक ,शहजाद राइन, आकाश जाटव, जयराम पाठक, मोहम्मद महबूब राइन, होशियार पठान, रियाज उल्ला, डिप्टी रेंजर राजाराम कोंदर, मोहम्मद लियाकत राइन, तबरेज राइन ,गोलु बेग, अफसर खान, किसवर खान, मोहम्मद शाहरुख, मुबीन राइन, पत्रकार एवं समाजसेवी संजय सिंह राजपूत, पत्रकार राजेश रावत, पत्रकार वीरेंद्र सिंह यादव, मनीष सारस्वत, अनिल गुप्ता, चंद्र प्रकाश सेन, अकरम खान, प्रदीप साहू साहिल राइन, मेराज अली सहित अन्य लोग उपस्थित रहे।




बता दें कि, 2018 के विधानसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी ने बेहद चौंकाने वाला निर्णय लेते हुए पूर्व मंत्री सुश्री कुसुम सिंह मेहदेले की परंपरागत सीट पन्ना से उनका टिकिट काटकर वर्तमान विधायक बृजेन्द्र प्रताप सिंह को दे दिया गया था। तभी से मेहदेले अपनी पार्टी से नाराज चल रहीं। अपने मुखर अंदाज के लिए जानीं जाने वाली मेहदेले की नाराजगी समय-समय पर उनके बेबाक बयानों से साफ़ जाहिर होती रही है। राजनीतिक रूप से हांसिये पर चल रहीं वरिष्ठ नेत्री मेहदेले ने पिछले कुछ समय से अपनी सामाजिक सक्रियता काफी बढ़ा दी है। वे प्रदेश में लोधी समाज समेत पिछड़े वर्ग की अन्य जातियों को गोलबंद करने की मुहिम में पूरी शिद्दत के साथ जुटीं है। इसका पता उस समय चला जब पिछले साल 2024 में वीरांगना रानी अवंती बाई लोधी की जयंती के अवसर पर पन्ना में आयोजित एक कार्यक्रम में पूर्व कैबिनेट मंत्री कुसुम मेहदेले ने एमपी में लोधी समाज का सीएम बनाने को लेकर बयान दिया था। उनके इस बयान ने सूबे की सियासत में हलचल मचा दी थी। सुश्री महदेले ने कहा था कि, मध्य प्रदेश में लोधी-कुर्मी समाज के लोग अच्छी खासी तादाद में है। हम विधानसभा की एक तिहाई सीटें जीतकर अपना मुख्यमंत्री बना सकते हैं। इस बयान के बाद से ही मेहदेले की मुहिम पर प्रदेश की दोनों ही मुख्य पार्टियां अपनी नजर बनाए हुए हैं।



प्रदर्शकारी महिलाओं ने स्थानीय मीडियाकर्मी को बताया कि शराब दुकान खुलने पर ताखौरी समेत आसपास के इलाके की शांति भंग हो जाएगी। शराब पीने वाले रोजाना लड़ाई-झगड़ा करके माहौल ख़राब करेंगे। महिलाओं के मुताबिक इसका सबसे अधिक दुष्परिणाम भी उन्हें ही झेलना पड़ेगा। लकड़ी बेंचने अथवा मेहनत-मजदूरी करने पर जो चंद रुपए मिलते हैं उनके पति उस राशि को जबरन छुड़ाकर शराब के नशे में उड़ा देंगे। शराब के सेवन को लेकर हर घर में रोज-रोज कलह होगी और यह परिवारों के टूटने-बिखरने की वजह बनेगी। महिलाओं का मानना है कि घर के बड़ों को शराब पीते देखकर बच्चे भी आगे चलकर नशे को अपना लेंगे। इस तरह शराब दुकान खुलने से उनका वर्तमान और भविष्य दोनों ही तबाह-बर्बाद हो जाएगा। यह सामाजिक बुराई है, इसे ख़त्म करना सबका कर्तव्य है। महिलाओं का कहना है कि, उन्हें पक्का भरोसा है कि प्रदेश के संवेदनशील मुख्यमंत्री उनकी चिंता और परेशानी का संज्ञान लेकर अपनी लाड़ली बहनों के घर को टूटने-बिखरने से रोकने के लिए तखौरी में शराब दुकान खुलने नहीं देंगे।


प्रशिक्षण कार्यक्रम का संचालन पॉलिटेक्निक महाविद्यालय पवई के प्राचार्य अरविंद कुमार त्रिपाठी के मार्गदर्शन में किया जा रहा है। प्राचार्य श्री त्रिपाठी ने जानकारी देते हुए बताया, आयुक्त तकनीकी शिक्षा भोपाल के निर्देशानुसार पवई में कम्प्यूटर ऑन डिमांड एजुकेशन नामक बेहद उपयोगी प्रशिक्षण कार्यक्रम प्रारंभ किया गया है। कार्यक्रम के नोडल अधिकारी पुष्पेंद्र गौतम एवं सहायक के रूप में दीपचंद अहिरवाल, रमा सोनी, ज्योत्सना पटेल और प्रशांत कुमार द्वारा प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा। इस कार्यक्रम अंतर्गत विद्यार्थियों को बेसिक कम्प्यूटर, इंटरनेट का प्रयोग, सीजिटल लाइब्रेरी की जानकारी, कोडिंग की जानकारी, पायथन एवं सी प्लस जैसी कम्प्यूटर की भाषाओं की जानकारी देना है। साथ ही संक्षेप में हार्डवेयर में आने वाली समस्याओं एवं उनके त्वरित समाधान के बारे में भी बताया जाएगा। साइबर सुरक्षा और डिजिटल दुनिया में सुरक्षित रहने की तकनीक के बारे में भी विशेषज्ञों के माध्यम से प्रशिक्षण दिया जाएगा।