पन्ना के प्रसिद्ध जल प्रपात “बृहस्पति कुण्ड” का होगा विकास, बनेगा पर्यटन का प्रमुख केन्द्र

0
1650
पन्ना से करीब 25 किलोमीटर की दूरी पर स्थित बृहस्पति कुण्ड जल प्रपात का शानदार दृश्य।

* मनोरम स्थल का अप्रतिम सौंदर्य देखकर बोले नवागत कलेक्टर

* समग्र विकास के लिए भूमि स्थानांतरण का प्रस्ताव बनाने को कहा

* कुण्ड क्षेत्र में साफ-सफाई बनाए रखने पंचायत को दिए गए निर्देश

* नवागत कलेक्टर की पहल ने प्राकृतिक स्थलों के विकास की जगाई उम्मीद

शादिक खान, पन्ना। (www.radarnews.in) विंध्य पर्वत श्रृंखला की गोद में बसा बुन्देलखण्ड अंचल का पन्ना जिला भौतिक विकास की दौड़ में भले ही पड़ोसी जिलों से काफी पीछे है लेकिन प्राकृतिक रूप से पन्ना काफी समृद्ध है। कुदरत ने पन्ना को करीने की तरह नवाज़ते हुए अपने खजाने से वे सभी नेमतें दीं है, जोकि एक प्राकृतिक पर्यटन स्थल में होनी चाहिए। यहां के घने जंगल, स्वछंद विचरण करते वन्यजीव, बाघ, मनमोह लेने वाले प्रकृति के अद्भुत नज़ारे, एक से बढ़कर एक जल प्रपात, हर पल ताजगी का एहसास कराने वाली स्वच्छ आवोहवा और शांत वातावरण हमेशा ही पर्यटकों को अपनी ओर आकर्षित करती रही है। यहाँ कदम-कदम पर प्रकृति के दिलकश नज़रों की भरमार है जो अपने अप्रतिम सौन्दर्य से किसी भी व्यक्ति को एक नजर में मंत्रमुग्ध कर देते हैं। बेजोड़ स्थापत्य कला के उत्कृष्ट नमूने रुपी प्राचीन और भव्य मंदिर एवं स्मारक भी पन्ना पहचान समृद्ध बनाते हैं।
इसके अलावा प्रकृति ने पन्ना की धरती को हीरे के रूप में नायाब तोहफा (अनुपम उपहार) भी दिया है। लेकिन इन तमाम खूबियों के बाबजूद पन्ना जिला पर्यटन के नक़्शे में वह मुकाम हांसिल नहीं कर सका जिसका वह हकदार है। बहरहाल पन्ना के नवागत कलेक्टर संजय कुमार मिश्र को यहां के प्राकृतिक स्थलों ने काफी प्रभावित किया है। फलस्वरूप उन्होंने पन्ना के मनोरम स्थलों को सँवारने और यहां पर्यटन सुविधाओं के बुनियादी विकास की पहल शुरू कर दी है। जिससे पन्ना में पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा मिलने और इससे रोजगार के अवसरों का सृजन होने की उम्मीद जाग उठी है।
बृहस्पति कुण्ड के दिलकश नज़ारे को अपलक निहारते हुए पन्ना कलेक्टर संजय कुमार मिश्र।
उल्लेखनीय है कि मंगलवार 25 अगस्त को पन्ना कलेक्टर संजय कुमार मिश्र ने जब बृहस्पति कुण्ड क्षेत्र का भ्रमण किया तो वे सुखद आश्चर्य से भर गए। इस विशाल जल प्रपात में करीब 200 फ़ीट की ऊंचाई से नीचे गिरते बाघिन नदी के पानी के विहंगम दृश्य को देखकर वे रोमांचित हो उठे। कलेक्टर श्री मिश्र ने बृहस्पति कुण्ड की प्राकृतिक छटा को देखकर कहा कि यह एक बहुत ही मनोरम स्थल है। इसे विकसित करने का प्रयास किया जाएगा। मौके पर उपस्थित लोगों द्वारा बताया गया कि इस कुण्ड का रास्ता राम वन गमन मार्ग से जुड़ा हुआ है। यहां पर मानसूनी पर्यटकों के अलावा धार्मिक आस्था रखने वाले लोग प्रति वर्ष बड़ी संख्या में आते हैं।
पन्ना तहसील की ग्राम पंचायत गहरा में स्थित बृहस्पति कुण्ड क्षेत्र के समग्र विकास के लिए कलेक्टर श्री मिश्र ने मौके पर उपस्थित तहसीलदार एवं पटवारी से कुण्ड के संबंध में जानकारी प्राप्त की। जानकारी में बताया गया कि कुण्ड का ऊपरी हिस्सा पन्ना जिले में तथा निचला हिस्सा जहां पानी गिरता है वह सतना जिले में आता है। कुण्ड क्षेत्र की भूमि वन विभाग में आती है। इस पर कलेक्टर श्री मिश्र ने निर्देश दिए कि कुण्ड क्षेत्र की भूमि के नक्शे पन्ना क्षेत्र के एवं सतना के पटवारी आपसी समन्वय बनाकर तैयार करें। कुण्ड क्षेत्र की जमीन को पन्ना जिले में स्थान्तरित करने के लिए प्रस्ताव तैयार कर प्रस्तुत करें।
उन्होंने मौके पर उपस्थित ग्रामीणों से चर्चा करते हुए कहा कि इस कुण्ड क्षेत्र की साफ सफाई की जिम्मेदारी ग्राम पंचायत की है। यहां कूड़ादान आदि रखने के साथ निरंतर साफ सफाई की व्यवस्था की जाए। उन्होंने मौके पर उपस्थित पुलिस अधिकारी एवं राजस्व अधिकारी को निर्देश दिए कि इस स्थान पर कुण्ड के संबंध में विस्तारपूर्वक जानकारी संबंधी बोर्ड स्थापित कराया जाए। इस बोर्ड में कुण्ड के चारों ओर स्थित अन्य धार्मिक, ऐतिहासिक, प्राकृतिक, पर्यटन स्थलों की जानकारी दूरी सहित दर्ज की जाए। जिससे यहां आने वाले लोगों को अन्य पर्यटन स्थलों की जानकारी प्राप्त हो सके और अधिक से अधिक लोग जिले के विभिन्न पर्यटन स्थलों का भ्रमण करेंगे। जिससे क्षेत्र के विकास के साथ साथ लोगों को रोजगार भी उपलब्ध होगा।
जल प्रपात बृहस्पति कुण्ड का भ्रमण करते हुए पन्ना कलेक्टर संजय कुमार मिश्र।
कलेक्टर संजय कुमार मिश्र ने कुण्ड क्षेत्र से लगे मार्ग बरहों-कुदकपुर-गजना-धरमपुर-पहाडीखेरा मार्ग का अवलोकन किया। उन्होंने मार्ग में पड़ने वाले रपटों के दोनों तरफ संकेतक साइन बोर्ड लगाने के निर्देश दिए। यह मार्ग ग्रामीण अंचलों से गुजरते हुए पहाड़ीखेरा मुख्य मार्ग से जुड़ जाता है। मार्ग के बन जाने से लोगों को आवागमन के लिए बारामासी मार्ग उपलब्ध होगा। इस संबंध में कलेक्टर श्री मिश्र ने मौके पर उपस्थित कार्यपालन यंत्री ग्रामीण यांत्रिकी सेवा को निर्देश दिए कि इस मार्ग के लिए प्रस्ताव तैयार कर प्रस्तुत करें। जिससे शासन को भेजकर संबंधित भूमि को पन्ना जिले में शामिल कराया जा सके।