लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री तुलसीराम सिलावट ने कहा कि समाज के अंतिम व्यक्ति तक नि:शुल्क स्वास्थ्य सेवाएँ मुहैया कराना मुख्यमंत्री श्री कमल नाथ की प्राथमिकताओं में शामिल है। इसलिये स्वास्थ्य विभाग के बजट में 33 प्रतिशत वृद्धि की गई है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में स्वास्थ्य का अधिकार अधिनियम लागू करने का निर्णय मुख्यमंत्री की सकारात्मक सोच का परिणाम है।
प्रदेश में स्वास्थ्य संस्थाओं से अधिक दूर बस्तियों में खोले जा रहे संजीवनी क्लीनिक रोजाना सुबह 10 बजे से शाम 6 बजे तक चालू रहेंगे। इनमें नि:शुल्क ओपीडी, परामर्श, गर्भवती महिलाओं की जाँच और टीकाकरण, रेफरल सेवाएँ, संचारी रोग उपचार, वृद्धजनों के लिये उपचार सुविधाएँ और कैंसर, हाई ब्लड प्रेशर और सुगर स्क्रीनिंग और उपचार की सुविधाएँ उपलब्ध रहेंगी।